अंबेडकरनगर। जाम के चलते बुधवार को जिला मुख्यालय पर जिंदगी रेंगकर चलने को मजबूर हुई। लगभग पूरे दिन अकबरपुर नगर के विभिन्न मार्गों पर रुक-रुककर जाम लगता रहा। वाहनों की लंबी लाइन के चलते दो पहिया वाहन चालकों व पैदल चलने वालों को भी विभिन्न प्रकार की मुश्किलों का सामना करना पड़ा। दोपहर में तपिशभरी धूप में जाम में फंसे लोग प्रशासन को कोसते नजर आए। उनका कहना था कि अतिक्रमण के चलते अकबरपुर नगर में जाम की समस्या दिन-प्रतिदिन विकराल रूप लेती जा रही है, लेकिन इसे दूर करने को लेकर गंभीरता नहीं दिखाई जा रही है।
जिला मुख्यालय पर जाम की समस्या दूर होने का नाम नहीं ले रही। शायद ही कोई ऐसा दिन गुजरता हो, जब नगर के प्रमुख मार्गों पर जाम न लगता हो। बुधवार को भी अकबरपुर नगर के अयोध्या मार्ग, पुराने तहसील तिराहा, ओवरब्रिज, नई सड़क, शहजादपुर चौक व बस स्टेशन क्षेत्र में लगभग पूरे दिन रुक-रुककर जाम लगता रहा।
ट्रैफिक पुलिस के साथ ही सिविल पुलिस एक स्थान पर यातायात सुचारु करते, तो दूसरे स्थान पर जाम लग जाता। वाहनों की लंबी लाइन के बीच दो पहिया व साइकिल चालकों को भी आगे बढ़ने में मुश्किल हो रही थी। ओवर ब्रिज के निकट लगे जाम का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि यहां कुछ देर के लिए पैदल चलने वालों को भी मुश्किल उठानी पड़ी।
भीषण गर्मी में जाम में फंसे लोग प्रशासन को कोसते नजर आए। अकबरपुर के अभिषेक व सुनील ने नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि जब तक सड़क के किनारे से अतिक्रमण नहीं हटाया जाता और पाकिँग की समुचित व्यवस्था नहीं की जाएगी, तब तक जाम की समस्या से राहत मिलने वाली नहीं है। शहजादपुर के सत्यम अग्रहरि व आलोक ने कहा कि एनएच 232 पर यदि आवागमन प्रारंभ कर दिया जाए, तो भी जाम की समस्या से कुछ हद तक राहत मिल सकती है। उधर एडीएम अमरनाथ रॉय ने बताया कि चुनाव बाद जाम समस्या दूर करने को लेकर प्रभावी कदम उठाया जाएगा।