24 घंटे से 35 हजार आबादी को नहीं मिली बिजली
अंबेडकरनगर। जर्जर उपकरणों व तारों के फैले जाल के साथ गुणवत्ताविहीन ट्रांसफार्मरों के चलते जिले में विद्युत आपूर्ति व्यवस्था बेपटरी हो गई है। बीते 24 घंटे से जिले के विभिन्न क्षेत्रों की लगभग 35 हजार आबादी बिजली से वंचित है।
इससे एक तरफ जहां भीषण गर्मी में उपभोक्ताओं को भारी दिक्कत हो रही है, वहीं बिजली से संचालित लघु उद्योगों पर भी इसका प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। इतना ही नहीं, बदतर विद्युत आपूर्ति का प्रतिकूल प्रभाव खेती-किसानी पर भी पड़ रहा है।
बारिश न होने व सुचारु बिजली न मिलने से धान की फसल की सिंचाई प्रभावित हो रही है। इससे किसानों के चेहरे पर चिंता की लकीरें खिंच गई हैं। शासन के तमाम दिशा-निर्देश के बावजूद पावर कार्पोरेशन उपभोक्ताओं को सुचारु बिजली उपलब्ध कराने को लेकर गंभीरता नहीं दिखा रहा है।
इसी का नतीजा है कि अकबरपुर नगर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में जगह-जगह न सिर्फ तार, बल्कि खंभे बुरी तरह जर्जर हो चुके हैं, गुणवत्ताविहीन ट्रांसफार्मर भी आए दिन फुंकते रहते हैं। इसके चलते संबंधित क्षेत्र की विद्युत आपूर्ति बाधित होती रहती है।
जर्जर तारों के फैले जाल व जर्जर हो चुके उपकरणों के जवाब देने का ही नतीजा है कि पिछले 24 घंटों से महरुआ, भीटी, जहांगीरगंज, राजेसुल्तानपुर व हजपुरा क्षेत्र की लगभग 35 हजार आबादी बिजली से वंचित है।
बदतर विद्युत आपूर्ति व्यवस्था के चलते संबंधित क्षेत्र के उपभोक्ता जहां भीषण गर्मी से जूझ रहे हैं।
बिजली से संचालित लघु उद्योग-धंधे भी प्रभावित हो रहे हैं। महरुआ के राकेश व सुरेश ने नाराजगी जताते हुए कहा कि लंबे समय से जर्जर तारों को बदले जाने की मांग की जा रही है लेकिन इसे बदलने की सुध नहीं है।
इसी का नतीजा है कि एक तरफ जहां सुचारु ढंग से बिजली नहीं मिल रही, वहीं लो-वोल्टेज की समस्या भी लगातार बनी हुई है। जहांगीरगंज के आटा चक्की संचालक रामअछैबर ने कहा कि सुचारु बिजली न मिलने से कारोबार प्रभावित हो रहा है।
जहांगीरगंज के किसान अमरजीत ने कहा कि बदतर विद्युत आपूर्ति व्यवस्था के चलते धान की फसल सूख रही है। कहा कि बीते 24 घंटे से तो बिजली ही नहीं मिली लेकिन इससे पहले भी जो बिजली मिल रही थी, उसमें लो-वोल्टेज की समस्या थी। इसके चलते सिंचाई नहीं हो पा रही है।
महरुआ के किसान मुमताज अहमद ने कहा कि पावर कार्पोरेशन के अधिकारियों को आवश्यक कदम उठाना चाहिए। हजपुरा के किसान रामकुमार ने कहा कि बारिश न होने से किसान पहले से ही परेशान हैं, उस पर से बदतर विद्युत आपूर्ति व्यवस्था ने समस्या और बढ़ा दी है।
यदि इसी तरह चलता रहा तो धान की फसल चौपट हो सकती है। भीटी के किसान कृष्णकुमार ने कहा कि सिर्फ वादा व दावा से कुछ होने वाला नहीं है। इसके लिए गंभीरता दिखानी होगी। किसानों के हित को लेकर ठोस कदम उठाना होगा।
महरुआ क्षेत्र में जर्जर तारों के टूटने से बीते 24 घंटे से लगभग डेढ़ दर्जन गांवों की आपूर्ति प्रभावित हुई। भीटी में जर्जर उपकरणों के जवाब देने से एक दर्जन गांव के लोगों को बिजली से वंचित होना पड़ा है। हजपुरा व जहांगीरगंज क्षेत्र में चार ट्रांसफार्मर फुंकने से लगभग दो दर्जन गांवों में बिजली आपूर्ति ठप है।
पावर कार्पोरेशन के अधिशाषी अभियंता अरविंद कुमार ने बताया कि जर्जर उपकरणों को बदले जाने का कार्य प्रगति पर है। यदि कहीं कोई तकनीकी खराबी होती है तो उसे प्राथमिकता के आधार पर दुरुस्त कराया जाता है। उपभोक्ताओं को सुचारु बिजली उपलब्ध कराई जा रही है।