36 घंटे से सवा लाख आबादी बिजली से वंचित
एक दिन पहले आई आंधी व बारिश से प्रभावित हुई थी विद्युत आपूर्ति
अमर उजाला ब्यूरो
अंबेडकरनगर। बीते दिन आई आंधी व तेज बारिश के चलते लगभग सवा लाख आबादी लगभग 36 घंटे बाद भी विद्युत आपूर्ति से वंचित है। इससे लोगों को भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। सबसे ज्यादा मुश्किल पेयजल के अलावा विद्युत चालित लघुउद्योगों के संचालन को लेकर हो रही है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि आंधी-तूफान के बाद जर्जर उपकरणों को दुरुस्त करने के लिए विशेष प्रबंध सुनिश्चित किए जाएं।
गौरतलब है कि मंगलवार सुबह तेज हवा के साथ हुई बारिश के बाद अकबरपुर नगर समेत जिले के विभिन्न ग्रामीण क्षेत्रों की विद्युत आपूर्ति ठप हो गई थी। कहीं जर्जर तार टूटने से आपूर्ति बाधित हुई तो कहीं विद्युत खंभा क्षतिग्रस्त होने से। कई जगह ट्रांसफार्मर फुंकने से भी आपूर्ति बाधित हुई। अकबरपुर नगर में तो गड़बड़ी दूर कर मंगलवार देर शाम तक आपूर्ति बहाल कर दी गई लेकिन जलालपुर, भीटी, महरुआ, जहांगीरगंज, आलापुर व टांडा तहसील क्षेत्रों के तमाम गांव तक ऐसी व्यवस्था नहीं की जा सकी। इन क्षेत्र के कुछ गांवों में तो आपूर्ति मंगलवार देर शाम या फिर बुधवार सुबह तक बहाल कर दी गई लेकिन दर्जनों में आपूर्ति 36 घंटे बाद बुधवार देर शाम तक बहाल नहीं हो सकी थी। इससे सवा लाख से अधिक आबादी को विभिन्न समस्याओं से जूझना पड़ा।
महरुआ प्रतिनिधि के अनुसार तेज हवा के साथ हुई बारिश के चलते थाने के सामने लगा ट्रांसफार्मर मंगलवार को फुंक गया। इससे थाने की आपूर्ति ठप हो गई। इसके अलावा कई स्थानों पर तार के टूटने व खंभे के क्षतिग्रस्त होने से बरई का पूरा, जैतूपुर, दुबे का पूरा, डाड़ीडीहा, हीड़ी पकड़िया, बरामदपुर जरियारी, बरामदपुर लोहरा, कुर्चा, मंशापुर, करौना, पतौना, जलालपुर व सेमरी गांव की आपूर्ति बुधवार देर शाम तक बहाल नहीं हो सकी। इससे 30 हजार आबादी प्रभावित हुई। जलालपुर प्रतिनिधि के अनुसार बरौली बासूपुर, ब्राहिमपुर व जिंदासपुर गांव की आपूर्ति विद्युत खंभे के क्षतिग्रस्त होने से बाधित हो गई। इससे छह हजार की आबादी प्रभावित हुई है। भीटी प्रतिनिधि के अनुसार पेड़ गिरने से तार व खंभा क्षतिग्रस्त होने के चलते अढ़नपुर, टेमा, काही, समंथा व चंदापुर समेत लगभग एक दर्जन गांवों की आपूर्ति मंगलवार दोपहर से बाधित हो गई। इससे लगभग 25 हजार आबादी प्रभावित हुई। जहांगीरगंज प्रतिनिधि के अनुसार तेंदुआईकला उपेंद्र से जुड़े अलऊपुर, देवरियाबाजार, अलाउद्दीनपुर, भभौरा, शहाबुद्दीनपुर, पदुमपुर, समडीह आदि गांव की आपूर्ति मंगलवार सुबह से ही ठप हो गई जो बुधवार देर शाम तक बहाल नहीं हुई। इससे 14 हजार आबादी प्रभावित हुई। रामनगर विद्युत उपकेंद्र से जुड़े जहांगीरगंज, नेवारी, नरियांव, गोपालपुर पंडित, चकतारा, विश्वनाथपुर, गिरैयाबाजार, हरिहरपुर, बिशुनपुर बजदहां, सिंहपुर, सहसां गांव के 36 हजार आबादी मंगलवार सुबह से विभिन्न गड़बड़ियों के चले विद्युत आपूर्ति से वंचित है। अकबरपुर विद्युत उपकेंद्र से जुड़े माउख, अशरफपुर पचाउख, शिबलीपुर, लोदीपुर व भगवानपट्टी गांव की 15 हजार आबादी को भी बुधवार देर शाम तक बिजली उपलब्ध नहीं हो सकी थी।
महरुआ के राधेश्याम व जगन्नाथ ने कहा कि जब तक जर्जर हो चुके उपकरणों को बदला नहीं जाता, सुचारु बिजली उपलब्ध होने की कल्पना नहीं की जा सकती। भीटी के नरेश, सुनील व अरविंद ने कहा कि उपभोक्ताओं को सुचारु बिजली उपलब्ध कराने को लेकर पावर कॉर्पोरेशन अधिाकारी व कर्मचारी गंभीर नहीं हो रहे हैं। न तो जर्जर उपकरण बदले जा रहे और न ही ट्रांसफार्मरों की क्षमता ही बढ़ाई जा रही है। जलालपुर के मोहम्मद नईम, राजाराम व अंगद कुमार ने कहा कि गड़बड़ी दूर करने की सुध संबंधित अधिकारियों व कर्मचारियों को नहीं है। इसका खामियाजा आमजन को भुगतना पड़ रहा है। पावर कॉर्पोरेशन के अधिशाषी अभियंता मुकेश बाबू ने बताया कि उपभोक्ताओं को सुचारु बिजली उपलब्ध कराने को लेकर आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। ज्यादातर क्षेत्रों में गड़बड़ी दूर कर आपूर्ति बहाल कर दी गई है। जिन क्षेत्रों में आपूर्ति बहाल नहीं हुई, वहां गड़बड़ी ठीक कराई जा रही है।