युवक को पुलिस द्वारा हिरासत में लेकर बेरहमी से पीटने का आरोप सामने आया है। परिजनों का आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने युवक की बेल्ट, प्लास्टिक पाइप और जूतों से पिटाई की। हालत बिगड़ने पर उसे परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया। युवक का निजी अस्पताल के आईसीयू में वेंटिलेटर पर उपचार चल रहा है। इस बीच भुक्तभोगी युवक का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें वह पुलिस द्वारा पिटाई किए जाने की बात कहता नजर आ रहा है।
फूलपुर कोतवाली क्षेत्र के बौडई गांव निवासी मनीलाल भारतीया ने मुख्यमंत्री और पुलिस के उच्चाधिकारियों को भेजे शिकायती पत्र में बताया कि 27 अगस्त की शाम करीब सात से आठ बजे के बीच दो पुलिसकर्मी उनके घर पहुंचे थे। आरोप है कि पुलिसकर्मी उनके बेटे अजय कुमार भारतीया को किसी मामले में शक के आधार पर थाने ले गए। परिजनों के अनुसार, जानकारी करने थाने पहुंचने पर उन्हें अंदर नहीं जाने दिया गया।
शिकायती पत्र में थाना प्रभारी शेष नाथ पाल, उपनिरीक्षक सौरभ शुक्ला, शैलेंद्र कुमार, मृत्युंजय समेत अन्य पुलिसकर्मियों पर युवक की पिटाई करने का आरोप लगाया गया है। पिता का यह भी आरोप है कि मारपीट के दौरान अजय बेहोश हो गया और हालत गंभीर होने पर पुलिस ने उसे परिजनों के हवाले कर दिया।
परिजन अजय को तत्काल निजी अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने गंभीर हालत को देखते हुए उसे आईसीयू में भर्ती कर वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा। पिता ने पुलिस पर परिवार पर दबाव बनाने और फर्जी मुकदमे में फंसाने की आशंका भी जताई है। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच, मुकदमा दर्ज करने और आरोपित पुलिसकर्मियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।