थाना क्षेत्र के मड़वा गांव में बुधवार रात घर लौट रहे युवक की गोली मार कर हत्या कर दी गई। सुबह नाले में लाश मिली तो हड़कंप मच गया। उसकी बाइक कुछ दूर पर पड़ी मिली। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम हाउस भेज दिया। मामले में तीन भाइयों को नामजद किया गया है।
करछना थाना क्षेत्र के मड़वा गांव निवासी कौशलेश यादव (22) पुत्र लाल चंद्र यादव गांव में ही रहकर किसानी करता था। तीन-चार दिन पहले ही गांव के ही रामबाबू यादव और इनके भाई अजय कुमार यादव पुत्र स्व. मुल्लुर यादव से रास्ते में घर बनाने को लेकर कौशलेश से विवाद हुआ था। जिसे घरवालों ने गंभीरता से नहीं लिया था। बुधवार रात बीरपुर गांव में फौजदार यादव के घर आयोजित शादी में शामिल होकर वह बाइक से घर आ रहा था।
गांव से कुछ दूर पर ही उसे गोली मार दी गई। उसकी लाश नाले में पड़ी मिली। बाइक भी कुछ दूर पर पड़ी थी। मृतक के पिता लालचंद यादव के तहरीर पर रामबाबू यादव, अजय यादव, दिनेश कुमार व विनोद यादव को नामजद किया गया है। आरोप है कि रामबाबू व अजय ने अपने दो अन्य साथियों विनोद व दिनेश के साथ कौशलेश को साजिश के तहत शराब पिलाई और फिर हत्या कर दी। सूचना पर एसपी यमुनापार दीपेंद्र नाथ चौधरी, सीओ सच्चिदानंद व इंस्पेक्टर दीपेंद्र सिंह मौके पर पहुंचे और परिजनों से पूछताछ की। प्रभारी निरीक्षक दीपेंद्र सिंह ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है। रास्ते को लेकर हुए विवाद और शराब पीने के दौरान हुई घटना पर पुलिस जांच कर रही है।
15 दिन पहले आया था
कौशलेश तीन भाईयों अभिराम यादव व रत्नेश यादव में सबसे बड़ा था। वह मुंबई में नौकरी करता था। 15 दिनों पहले ही गांव आया था। जिसकी शादी करछना थाना क्षेत्र के डीहा गाव में दो वर्ष पहले उर्मिला के साथ हुई थी। आठ माह का लड़का सत्यम है। जिसमें सिर से पिता का साया उठ गया। घटना के बाद से पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल है।
आपराधिक किस्म का है दिनेश
करछना (ब्यूरो)। क्षेत्र के मड़वा गांव के समीप कौशलेश की हत्या में नामजद दिनेश कुमार यादव का आपराधिक इतिहास रहा है, जो कई घटनाओं में शामिल था। जिनके खिलाफ करछना थाऩे में कई मामले दर्ज है। अभी छह महीने जेल काटकर जमानत पर रिहा होकर गांव आया था। जिसका गिरोह काफी लंबा है, जो क्षेत्र में आए दिन लूट, छिनैती और हत्या सहित संगीन मामलों को अंजाम देता है।