दशाश्वमेध व अैरल घाट पर शहरवासी योग प्रशिक्षण के साथ संगीत का भी आनंद उठा सकेंगे। योग शिविर का आयोजन रोजाना सुबह किया जाएगा। नगर निगम और सिंचाई विभाग के साथ मिलकर स्वामी टेऊंराम महाराज संस्था दोनों घाटों को संवारने के साथ सुविधाएं भी बढ़ाएगी।
महाकुंभ से पहले दशाश्वमेध और अरैल घाट का सौंदर्यीकरण कराया गया था। श्रद्धालुओं और पर्यटकों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए अब इसे और संवारने की योजना बनाई गई है। साथ में इन दोनों घाटों पर कई तरह की गतिविधियां संचालित करने का निर्णय लिया गया है।
इसके तहत दोनों घाटों पर नियमित आरती होगी। योग शिविर लगाए जाएंगे। इस दौरान भजन के साथ संगीत भी बजता रहेगा। इतना ही नहीं स्थानीय कलाकारों की प्रस्तुतियां भी होंगी।
दोनों घाटों पर सफाई की विशेष व्यवस्था होगी। पौधरोपण और सौंदर्यीकरण के अन्य कार्य कराए जाएंगे। आकर्षक खंभे और थीमैटिक लाइटों से दोनों घाट रोशन होंगे। शौचालय, चेंजिंग रूम समेत अन्य सुविधाएं भी यहां होंगी। श्रद्धालुओं और पर्यटकों की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए सूचना बोर्ड समेत अन्य इंतजाम भी किए जाएंगे।
डीएम रविंद्र कुमार मांदड़ ने बताया कि दोनों घाटों का धार्मिक और पर्यटन दोनों ही दृष्टि से महत्व है। इसे ध्यान में रखकर दोनों को संवारने और विविध आयोजन कराने का निर्णय लिया गया है। सभी तरह की गतिविधियां पूरे वर्ष आयोजित होंगी।
इन कार्यों को पूरा करने के लिए स्वामी टेऊंराम महाराज संस्था की ओर से दोनों घाटों को गोद लेने का प्रस्ताव आया है। नगर निगम और सिंचाई विभाग की ओर से भी इस बाबत प्रस्ताव तैयार किए जा रहे हैं। यह संस्था निगम और सिंचाई विभाग के साथ मिलकर दोनों घाटों को संवारेगी और गतिविधियां संचालित करेगी।
वहीं, संस्था के विजय पुर्सवानी ने बताया कि हरिद्वार, रामेश्वर और उज्जैन में ये सभी काम कराए गए हैं। साथ ही गतिविधियां संचालित की जा रही हैं। उसी तर्ज पर यहां भी आयोजन होंगे।
संगम पर लगे वाटर एटीएम होंगे ठीक, बढ़ेंगी सुविधाएं
संगम और आसपास के क्षेत्रों में श्रद्धालुओं व पर्यटकों के लिए सुविधाएं बढ़ाई जाएंगी। खराब वाटर एटीएम ठीक किए जाएंगे। सफाई के साथ नल की टोंटियां, लीकेज आदि भी ठीक कराए जाएंगे। मंडलायुक्त विजय विश्वास पंत ने संबंधित विभाग के अफसरों को बुलाकर सभी तरह की खामियों को दूर करने की हिदायत दी है।
संगम में गदंगी, अव्यवस्था को लेकर अमर उजाला के मंगलवार के अंक में प्रमुखता से खबर प्रकाशित की गई थी। इसे संज्ञान में लेते हुए मंडलायुक्त ने बुधवार को संगम और आसपास के क्षेत्रों का निरीक्षण किया था। इस दौरान उन्हें गदंगी के साथ दोनों वाटर एटीएम खराब मिले। नल की टोंटियों से पानी बह रहा था। पाइपलाइन में लीकेज था और शौचालय भी गंदा मिला।
मंडलायुक्त ने संबंधित विभागों के अफसरों को सुधार के निर्देश दिए। मंडलायुक्त ने बताया कि दोनों वाटर एटीएम ठीक कराए जाएंगे। जरूरत के अनुसार इनकी संख्या भी बढ़ाई जाएगी। जलापूर्ति व्यवस्था की खामियों को दूर किया जाएगा। घाट और शौचालय की नियमित सफाई सुनिश्चित की जाएगी। मोबाइल टॉयलेट की संख्या बढ़ाई जाएगी।
मंडलायुक्त ने बताया कि कई चेंजिंग रूम खराब हो गए हैं। उन्हें भी ठीक कराया जाएगा। लोग इनमें गंदगी न करें। इसके लिए जागरूकता वाले बोर्ड लगाए जाएंगे। मंडलायुक्त ने बताया कि वाहनों की पार्किंग, यातायात व्यवस्था आदि के इंतजाम के लिए भी अपर मेलाधिकारी दयानंद को निर्देश दिए गए हैं।
मेला प्राधिकरण में होगी स्थायी नियुक्ति
मेला प्राधिकरण में जल्द ही अफसरों की स्थायी नियुक्ति की जाएगी। मंडलायुक्त की ओर से इसके लिए प्रमुख सचिव नियुक्ति को पत्र लिखा जाएगा। संगम पर हर साल माघ मेला और छह वर्ष पर कुंभ और 12 वर्ष पर महाकुंभ का आयोजन होता है। इस दौरान अस्थायी शहर बसाया जाता है। इसे देखते हुए कुंभ 2019 से पहले प्रयागराज मेला प्राधिकरण का गठन किया गया था। इसका क्षेत्र भी नोटिफाइड किया गया था। निर्णय लिया गया था कि प्राधिकरण पूरे वर्ष काम करेगा और नियमित तौर पर क्षेत्र में विकास कार्य कराए जाएंगे, लेकिन कुुंभ, महाकुंभ को छोड़कर अन्य दिनों में प्रभारी के तौर पर ही अफसरों की नियुक्ति की गई। जो अफसर रहे वे कुंभ और महाकुंभ के कार्य ही देखते रहे। इसके विपरीत संगम पर आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों की संख्या लगातार बढ़ रही है। ऐसे में सुविधाओं की भी मांग होने लगी है। इसे देखते हुए प्राधिकरण में अफसरों की स्थायी नियुक्ति की पहल की गई है। प्रमुख सचिव नियुक्ति एम देवराज योग दिवस आयोजन के लिए प्रयागराज के नोडल अधिकारी बनाए गए हैं। वह योग दिवस में शामिल होने के लिए शुक्रवार को आ जाएंगे। मंडलायुक्त विजय विश्वास पंत ने बताया कि प्रमुख सचिव से मिलकर भी प्राधिकरण में स्थायी नियुक्ति की मांग रखी जाएगी।