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Mahakumbh :महाकुंभ में हाथ के छापे का बना विश्व रिकॉर्ड, 10,109 हजार लोगों ने दर्शाया समुद्र मंथन

Tue, 25 Feb 2025 06:48 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, महाकुंभ नगर (प्रयागराज)

सार

मेले में मंगलवार को हैंड प्रिंटिंग पेंटिंग का भी कीर्तिमान बना। 10,109 हजार लोगों ने महज आठ घंटे में अपने पंजे का छापा लगाकर महाकुंभ के प्रति अपनी आस्था प्रकट करने के साथ विश्व रिकॉर्ड भी बनाया।
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गंगा पंडाल में हाथ की थाप का वर्ल्ड रिकार्ड बनाया गया। - फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
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मेले में मंगलवार को हैंड प्रिंटिंग पेंटिंग का भी कीर्तिमान बना। 10,109 हजार लोगों ने महज आठ घंटे में अपने पंजे का छापा लगाकर महाकुंभ के प्रति अपनी आस्था प्रकट करने के साथ विश्व रिकॉर्ड भी बनाया। मेला प्रशासन ने अपना ही रिकॉर्ड तोड़ा जो कुंभ 2019 में बनाया गया था।

2019 में साढ़े सात हजार लोगों के हैंड प्रिंट लेने का रिकॉर्ड बना था, जो महाकुंभ 2025 में टूट गया। हैंड प्रिंटिंग पेंटिंग का नया कीर्तिमान बनाने के लिए गंगा पंडाल में कैनवास लगाया था। इसके लिए सुबह 10 से शाम छह बजे तक का समय निर्धारित किया गया था, जिसे लेकर लोगों में खासा उत्साह दिखा।

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दिन में करीब साढ़े 12 बजे तक यानी, ढाई घंटे में ही पांच हजार से अधिक लोग इस रिकॉर्ड को बनाने में अपनी भागीदारी सुनिश्चित कर चुके थे। दिन में पांच बजे तक निर्धारित आंकड़ा भी पार हो गया था। लोगों ने हैंड प्रिंटिंग के माध्यम से समुद्र मंथन के दृश्य को दर्शाने की कोशिश की।

इस दौरान निश्चल बरोत की अगुवाई में आई गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड की पूरी टीम भी मौजूद रही और उनकी निगरानी में पूरा अभियान चलाया गया। पंजे का छापा लगाने के लिए पहुंचे लोगों के हाथ में बार कोड से युक्त बैंड बांधा जाता था। इसी बार कोड के माध्यम से छापा लगाने वालों की गणना भी हुई। गिनीज बुक ऑफ रिकॉर्ड के ज्यूरी निश्चल बरोत का कहना है कि रिकॉर्ड बनाने का अभियान सफल रहा। अन्य औपचारिकताएं पूरी करने के बाद जल्द ही सर्टिफिकेट जारी किया जाएगा।

कल बनेगा चौथा कीर्तिमान

बृहस्पतिवार को 700 शटल बसों के एक साथ संचालन का भी विश्व रिकॉर्ड बनाया जाएगा। बसों की परेड सहसाें में कराई जाएगी। मेला प्रशासन इसके माध्यम से अपना ही रिकॉर्ड तोड़ेगा। कुंभ 2019 में 500 बसों के संचालन का रिकॉर्ड बनाया था। बतादें, 14 फरवरी को 300 से अधिक कर्मचारियों ने एक साथ नदी की सफाई कर विश्व रिकॉर्ड बनाया था। वहीं, सोमवार को 15 हजार से अधिक सफाईकर्मियों ने 10 किलोमीटर क्षेत्र में सफाई अभियान चलाने का रिकॉर्ड बनाया था।

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27 को सभी रिकॉर्ड के सर्टिफिकेट मिलने की उम्मीद

महाकुंभ 2025 में बनने वाले सभी चार विश्व कीर्तिमान के सर्टिफिकेट 27 फरवरी को मिलने की उम्मीद है। गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड के निश्चल बरोत का कहना है कि अब तक के तीनों रिकॉर्ड के प्रयास सफल रहे हैं। 27 फरवरी को आखिरी और चौथा रिकॉर्ड बनाया जाना है। कोशिश है कि उसी दिन सभी रिकॉर्ड के सर्टिफिकेट दे दिए जाएं।

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