इलाहाबाद (ब्यूरो)। सीएमपी डिग्री कॉलेज छात्र संघ की ओर से मंगलवार को केपी कम्युनिटी हाल में महिला सशक्तिकरण पर कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिसमें वक्ताओं ने छात्राओं को उनके अधिकारों, बदलते परिवेश में खुद की पहचान बनाने के लिए जागरूक किया। छात्रसंघ की ओर से अरसे बाद कार्यक्रम किया गया, लेकिन हाल में छात्र-छात्राओं की अपेक्षित भीड़ नहीं दिखी।
हाल का काफी हिस्सा खाली ही रहा। श्रोताओं की कमी वक्ताओं को भी काफी खली। मंच से उन्होंने कहा कि पहला कार्यक्रम इतने बड़े हाल में नहीं कराना चाहिए। एक कमरे में भी कार्यक्रम किया जा सकता था। कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं की कमी के पीछे बड़ी वजह छात्र नेताओं के प्रति उदासीनता और परिसर में अराजकता को माना जा रहा है। कार्यक्रम भी निर्धारित समय दस बजे की जगह से दो घंटे देरी से 12 बजे शुरू हुआ। आयोजकों का कहना था कि कार्यक्रम के निर्धारित समय पर काफी छात्र-छात्राएं थीं, मगर बैक पेपर होने की वजह से वह सभी चले गए।
दीप प्रज्ज्वलन से कार्यक्रम की शुरुआत के साथ छात्राओं ने नारी शक्ति पर केंद्रित गीत, नृत्य और कविताएं प्रस्तुत की। मुख्य अतिथि राज्य महिला आयोग की सदस्य डॉ. रेहाना सिद्दीकी ने कहा कि नारी कमजोर नहीं है, जरूरत है तो बस अपनी शक्तियों को पहचाने की। विशिष्ट अतिथि जगत तारन गर्ल्स इंटर कॉलेज की प्रिंसिपल डॉ. नंदिनी तिवारी ने अपने विचार ‘जिंदगी संघर्ष है सशक्त होकर चलो, अगर कोई साथ न दे तो एकला चलो’ पंक्तियों के माध्यम से कही। कार्यक्रम अध्यक्ष अधिवक्ता ऋतंधरा मिश्रा ने महिला के कानूनी अधिकारों के बारे में जानकारी दी।
लड़कियों से भावनाओं के बजाए विवेक से निर्णय लेने की बात कही। उन्होंने राज्य महिला आयोग की शिथिलता पर सवाल उठाए। विशिष्ट अतिथि प्रतापगढ़ में मेडिकल ऑफिसर डॉ. पूजा सिंह और समाज सेविका निशा यादव ने भी अपने विचार व्यक्त किए। इस दौरान छात्र नेता प्रखर यादव, अभिषेक चौधरी, अमित, आकांक्षा वर्मा, दिशा शुक्ला, राशि तिवारी, श्रद्धा, शिवांगी, रश्मि, सानिया, साल्वी, निवेदिता आदि मौजूद रहीं। कार्यक्रम का संचालन सीएमपी छात्रसंघ अध्यक्ष पूजा मिश्रा ने किया।