अधिवक्ता ने फंदे पर लटककर दी जान।
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धूमनगंज स्थित पारस ग्रीन अपार्टमेंट में दरोगा जितेंद्र सिंह की पत्नी कंचन सिंह ने फंदे पर लटककर जान दे दी। घटना से पहले कंचन सिंह ने अपने पति उपनिरीक्षक जितेंद्र सिंह से वीडियो कॉल पर बातचीत की थी। इसके बाद जितेंद्र सिंह ने एक पड़ोसी को फोन कर फ्लैट में जाकर कंचन को देखने और बचाने के लिए कहा। इसके बाद वह खुद भी अपार्टमेंट पहुंचे।
कानपुर निवासी कंचन सिंह (33) की शादी करीब दो साल पहले उपनिरीक्षक जितेंद्र सिंह से हुई थी। वह हाईकोर्ट में अधिवक्ता भी थीं। दंपती पारस ग्रीन अपार्टमेंट के नौवें तल स्थित फ्लैट में रहते थे। शनिवार रात देर रात जितेंद्र सिंह ड्यूटी के सिलसिले में बाहर गए थे, जबकि कंचन फ्लैट में अकेली थीं।
रात में पति से वीडियो कॉल पर बातचीत के दौरान कंचन ने कथित तौर पर ऐसी बात कही, जिसके बाद जितेंद्र सिंह को चिंता हुई। उन्होंने पड़ोसी को फोन कर फ्लैट में जाने के लिए कहा। कुछ देर बाद वह खुद भी वहां पहुंच गए। फ्लैट का दरवाजा अंदर से बंद मिला। दरवाजा खुलवाने के बाद कंचन को कमरे में मृत पाया गया।
सुसाइड नोट नहीं मिला, कारणों की तलाश में पुलिस
सूचना मिलने पर पुलिस अधिकारी और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची। घटनास्थल की जांच की गई, लेकिन कोई सुसाइड नोट नहीं मिलने की बात सामने आई है। पुलिस अब कंचन की पति से हुई आखिरी बातचीत, मोबाइल फोन और अन्य परिस्थितियों की जांच कर रही है। धूमनगंज थाना प्रभारी राजीव कुमार ने बताया कि प्रथम दृष्टया यह आत्महत्या का मामला प्रतीत हो रहा है, हालांकि मौत की वजह अभी स्पष्ट नहीं है। रविवार को दरोगा जितेंद्र सिंह के खिलाफ विभिन्न धाराओं में एफआईआर दर्ज कर ली गई।