कुंभ में प्रस्तावित धर्म संसद से पहले विश्व हिंदू परिषद (विहिप) अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के मुद्दे को गरम करेगी। इसके लिए परिषद के केंद्रीय और प्रांतीय पदाधिकारियों का 16 जनवरी से 17 फरवरी के बीच यहां जमावड़ा होगा। इस दौरान कई बड़े आयोजन होंगे, जिसमें मंदिर के अलावा कई और मुद्दों को लेकर चर्चा की जाएगी।
विहिप की तरफ से कुंभ क्षेत्र में जारी पोस्टर के अनुसार 16 जनवरी को परिषद के प्रन्यासी मंडल (केंद्रीय समिति) के पदाधिकारियों की बैठक होगी। इसमें राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर संगठन की रणनीति पर चर्चा होगी। पिछले वर्ष के कार्यों की समीक्षा की जाएगी और आने छह महीने के लिए नई रणनीति पर विचार किया जाएगा। बैठक की रणनीति का मुख्य मुद्दा होगा राम मंदिर। इसी तरह संगठन को विस्तार देने पर भी विचार हो सकता है। इसके बाद 17 से 19 जनवरी तक परिषद की अखिल भारतीय प्रांतीय कार्य समिति होगी।
जिसमें सभी प्रांतों के पदाधिकारियों को प्रन्यासी मंडल के फैसलों से अवगत कराया जाएगा। साथ ही उन फैसलों को कार्यान्वित करने का निर्देश भी जारी होगा। इसके अलावा कई कार्यक्रम पूरे एक महीने तक चलते रहेंगे। इन आयोजनों में जो प्रमुख पदाधिकारी आएंगे उसमें अंतर्राष्ट्रीय महामंत्री मिलिंद पराडे, संगठन महामंत्री विनय, अंतर्राष्ट्रीय उपाध्यक्ष चंपत राय, आलोक कुमार, प्रांतीय सह मंत्री दीन दयाल गौड़ का नाम शामिल है।