पुलिस का कहना है कि दोनों नाबालिग ही नहीं जेल में बंद उमर और अली भी अतीक के अन्य बेटों में शामिल हैं। सभी की भूमिका की जांच की जा रही है। अब अतीक के करीबियों ने आशंका जताई है कि पुलिस ने नाबालिग लड़कों को भी जेल भेज सकती है। दरअसल, एसटीएफ ने उमेश हत्याकांड में मुस्लिम बोर्डिंग हास्टल के सदाकत खान को षड़यंत्रकर्ता के रूप में गिरफ्तार किया था। मोबाइल जांच में पता चला था कि अतीक के एक नाबालिग बेटे से सदाकत चैटिंग करता था। पुलिस को चैटिंग की डीटेल्स भी मिली थी।
अतीक के करीबियों की आशंका हवा में नहीं है। दरअसल, पुलिस ने हत्याकांड के बाद सबसे पहले अतीक के दोनों नाबालिग बेटों को उठाया था। पुलिस दोनों को किसी भी हालत में छोड़ने को तैयार नहीं थी। न ही किसी अधिकारी ने इस विषय में कोई बयान दिया था। जब शाइस्ता के वकीलों ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की तो आनन फानन में दोनों नाबालिग बेटों को चकिया इलाके में लावारिस घूमते दिखकर उन्हें बाल संरक्षण गृह में दाखिल करा दिया गया।