चर्चित जवाहर पंडित हत्याकांड में काट रहे हैं उम्रकैद की सजा
उनका उपचार सुपरस्पेशियलिटी हॉस्पिटल में होना है। कोर्ट ने याची की चिकित्सकीय रिपोर्ट देखते हुए पाया कि जेल में उपचार संभव नहीं है। लिहाजा, याची की अल्पकालिक जमानत अर्जी को स्वीकार की जाती है।
याची 18 अप्रैल 2022 से 18 जून तक पैरोल पर बाहर रहेगा। इस दौरान उपचार कराने के बाद याची फिर सीजेएम अदालत में आत्मसमर्पण करेगा। जिसके बाद उसे जेल भेज दिया जाएगा। हालांकि, याची को यह भी हिदायत दी गई है कि वह किसी भी गैरकानूनी गतिविध में शामिल नहीं होगा। कोर्ट ने 24 घंटे के भीतर हाईकोर्ट के महानिबंधक और सीजेएम अदालत को आदेश की जानकारी देने को कहा है।