कैंट के गंगानगर में सीआरपीएफ जवान पंकज त्रिपाठी उर्फ प्रशांत (45) की मौत के मामले में उसके दो दोस्त हिरासत में ले लिए गए हैं। दोनों नामजद हैं जिन पर परिजनों ने हत्या का आरोप लगाया है। हालांकि पुलिस इस मामले में सिर्फ जांच जारी होने की बात कह रही है। इस मामले में मृत जवान की पत्नी नीलम त्रिपाठी की तहरीर पर तीन लोगों पर नामजद मुकदमा दर्ज कराया है। उसका आरोप है कि घटना वाले दिन उसके पति घर से अकेले ही निकले थे। शाम 7.30 बजे के करीब जितेंद्र उर्फ मोनू, राज ओझा, विनय यादव व अन्य आए और बताया कि प्रशांत का एक्सीडेंट हो गया है।
साथ ही प्रशांत की लाइसेंसी पिस्टल भी थमा दी। सीटी स्कैन होने पर पता चला कि सिर में गोली लगी है। पत्नी का यह भी आरोप है कि लखनऊ ले जाने पर डॉक्टरों ने सिर की हड्डियां टूटे होने की भी बात बताई थी। सूत्रों के मुताबिक, इस मामले में पुलिस ने शुक्रवार को जितेंद्र और राज को हिरासत में ले लिया। उनसे देर रात तक पूछताछ जारी रही। हालांकि कैंट इंस्पेक्टर रुकुमपाल सिंह ने सिर्फ इतना कहा कि जांच जारी है। वह तीसरे नामजद आरोपी विनय यादव के बारे में भी कुछ बता नहीं पाए।
फोन कर बुलाया था, पूर्व में हुई थी बहस
पत्नी की ओर से दी गई तहरीर में यह भी आरोप लगाया है कि पति का फोन चेक करने पर पता चला कि उन्हें फोन कर बुलाया गया था। आरोप यह भी है कि छुट्टी पर आने के दौरान ही किसी बात को लेकर जितेंद्र और उसके साथियों से पति की बहस हुई थी। इसके बारे में उसने बताया भी था। पत्नी का आरोप है कि प्लानिंग के तहत उनके पति को बुलाकर हत्या कर दी गई।