धूमनगंज के बम्हरौली में एक दिन पहले हुए सड़क हादसे में मृत सगी बहनों के शव रखकर लोगों ने प्रयागराज-कानपुर हाईवे जाम कर दिया। वह मुआवजे व कार्रवाई की मांग कर रहे थे। सूचना पर पहुंची सीओ ने 48 घंटे में वाहन चिह्नित कर कार्रवाई का आश्वासन दिया तब लोग शांत हुए। इस दौरान करीब एक घंटे तक हाईवे पर यातायात बाधित रहा। बम्हरौली स्थित ग्लास फैक्ट्री के पास जीटी रोड के किनारे रहने वाली कमला पत्नी हरिकांता प्रसाद व उनकी बड़ी बहन राजकुमारी(60) पत्नी स्व. दुखीलाल को एक दिन पहले अज्ञात वाहन ने रौंद दिया था।
इससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई थी। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया था कि हादसा करने वाली गाड़ी डायल 100 सेवा की थी। घरवालों की तहरीर पर पुलिस ने 100 नंबर लिखी बोलेरो के चालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। शनिवार दोपहर तीन बजे के करीब पोस्टमार्टम के बाद दोनों शव घर ले जाए गए। जिस पर लोगों ने शव सड़क पर रखकर हाईवे जाम कर दिया। उनकी मांग थी कि पीड़ित परिवारों को 20-20 लाख मुआवजा व आरोपी चालक के खिलाफ कार्रवाई की जाए। धूमनगंज पुलिस ने उन्हें हटाने की कोशिश की लेकिन लोग नहीं माने।
सूचना पर सीओ सिविल लाइंस भी पहुंच गए और लोगों को समझाया। उन्होंने मुआवजे संबंधित मांग शासन तक पहुंचाने व 48 घंटे के भीतर आरोपी वाहन चालक को चिह्नित कर कार्रवाई का आश्वासन दिया तब जाकर लोग शांत हुए। तब करीब एक घंटे बाद हाईवे पर यातायात बहाल हो सका। वैसे हंगामे की आशंका के चलते मौके पर शव पहुंचने से पहले ही भारी पुलिसबल तैनात कर दिया गया था। मामले में सीओ वृजनारायण सिंह ने बताया कि लोग आक्रोशित थे लेकिन चक्काजाम जैसी कोई बात नहीं थी। उन्हें समझाया गया और कार्रवाई का आश्वासन दिया गया, जिस पर वह शांत हो गए। हादसा करने वाले वाहन का पता लगाया जा रहा है।
सीसीटीवी फुटेज में दिखी गाड़ी
पुलिस सूत्रों की मानें तो हादसे के बाद पजावा गांव से होकर एक काले रंग का चारपहिया वाहन गुजरा था। वहां लगे सीसीटीवी कैमरे में इसकी तस्वीर कैद हुई है। हालांकि वाहन कौन सा था, अभी यह नहीं स्पष्ट हो सका है। पुलिस का कहना है कि सीसीटीवी कैमरे की फुटेज देखी गई है जिसमें काले रंग की गाड़ी दिखी है। हालांकि यह डायल 100 की बोलेरो ही है, यह अभी नहीं कहा जा सकता। गाड़ी काले रंग की स्कॉर्पियो भी हो सकती है। जांच पड़ताल की जा रही है।