महाकुंभ मेले के पूर्व प्रयागराज जंक्शन से चलने वाली कुछ महत्वपूर्ण ट्रेनों का नामकरण यहां के धार्मिक स्थलों के नाम पर हो सकता है। यहां से चलने वाली सूबेदारगंज-उधमपुर, प्रयागराज-अहमदाबाद, प्रयागराज-डा. अंबेडकरनगर, प्रयागराज-बीकानेर आदि का नाम तीर्थराज एक्सप्रेस, महाकुंभ एक्सप्रेस, महर्षि भरद्वाज एक्सप्रेस, अक्षयवट एक्सप्रेस आदि हो सकता है। यह प्रस्ताव रेलवे बोर्ड को भेजा गया है। बताया जा रहा है कि इस प्रस्ताव को बोर्ड द्वारा मंजूरी दी जा सकती है।
दरअसल भारतीय रेलवे के तमाम रेलवे स्टेशनों से चलने वाली कुछ ट्रेनों का नाम वहां की धार्मिक या ऐतिहासिक पहचान पर आधारित है। इन ट्रेनों में प्रयागराज से मेरठ जाने वाली संगम एक्सप्रेस, वाराणसी से नई दिल्ली जाने वाली काशी विश्वनाथ एक्सप्रेस, शिवगंगा एक्सप्रेस, वाराणसी-इंदौर काशी महाकाल एक्सप्रेस, , इंदौर-हावड़ा क्षिप्रा एक्सप्रेस, सूरत-भागलपुर ताप्ती गंगा एक्सप्रेस, सहारनपुर-प्रयागराज संगम नौचंदी एक्सप्रेस, हजरत निजामुद्दीन-झांसी ताज एक्सप्रेस आदि प्रमुख रूप से शामिल है।
प्रयागराज में अगले वर्ष महाकुंभ मेले का आयोजन होना है। उस आयोजन में लाखों की संख्या में लोग ट्रेनों के माध्यम से भी प्रयागराज आएंगे। इसे देखते हुए यहां से चलने वाली ऐसी ट्रेनें जिनका अभी नाम नहीं है उनका नामकरण प्रयागराज के धार्मिक स्थलों पर किए जाने का प्रस्ताव सांसद केशरी देवी पटेल ने भेजा है। सांसद ने प्रयागराज से अहमदाबाद जाने वाली साप्ताहिक ट्रेन का नाम ‘महाकुंभ एक्सप्रेस’ किए जाने का प्रस्ताव भेजा है।
इसके अलावा इसके अलावा प्रयागराज से महाकाल की नगरी उज्जैन होकर डॉक्टर अंबेडकर नगर जाने वाली ट्रेन का नाम ‘अक्षय वट एक्सप्रेस’, सूबेदारगंज-उधमपुर का नाम ‘तीर्थराज एक्सप्रेस’, प्रयागराज-बीकानेर का नाम ‘महर्षि भारद्वाज’ के नाम पर किए जाने की वकालत की है। सांसद केशरी देवी ने कहा कि प्रयागराज में महाकुंभ का आयोजन है। ऐसे में अगर ट्रेनों का नामकरण किया जाता है तो प्रयागराज के दर्शनीय एवं धार्मिक स्थलों के साथ ही कुंभ की भी ब्रांडिंग होगी। कहा कि रेल मंत्रालय को यह प्रस्ताव भेजा गया है।