संरक्षक बनाए गए श्रीमहंत ज्ञानदास
अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष रहे श्रीमहंत ज्ञानदास को इस अखिल भारतीय वैष्णव अखाड़ा परिषद का संरक्षक बनाया गया है। वैष्णव अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत राजेंद्र दास ने बताया कि वर्ष 2010 के हरिद्वार कुंभ में अखाड़ा परिषद के तत्कालीन अध्यक्ष श्रीमहंत ज्ञानदास ने अखिल भारतीय वैष्णव अखाड़ा परिषद का गठन किया था। लेकिन, श्रीमहंत ज्ञानदास की व्यस्तता और अन्य कारणों से इस परिषद को आगे बढ़ाने की प्रक्रिया ठंडे बस्ते में पड़ गई थी।
महंत राजेंद्र दास के मुताबिक श्रीपंच निर्मोही अणि अखाड़ा, श्रीपंच निर्वाणी अणि और श्रीपंच दिगंबर अणि अखाड़ा के तहत वैष्णव अखाड़ों की कुल संख्या 18 है। यह वैष्णव अखाड़ा परिषद पूरी ताकत के साथ महाकुंभ को दिव्य, भव्य और नव्य बनाने में मेला प्रशासन और सरकार का सहयोग करेगा।
सीएम से मिलेगा वैष्णव अखाड़ा परिषद का प्रतिनिधिमंडल
वैष्णव अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत राजेंद्र दास ने कहा कि अब किसी भी अखाड़ा परिषद से बैरागी अखाड़ों का कोई संबंध नहीं रह गया है। अखिल भारतीय वैष्णव अखाड़ा परिषद श्रीमहंत ज्ञानदास महाराज के अधूरे कार्यों को आगे बढ़ाएगा। कुंभ मेले में वैष्णव अखाड़ों को अधिक से अधिक सुविधाएं दिलाई जाएंगी। इसके लिए वैष्णव अखाड़ों के संतों का एक प्रतिनिधिमंडल जल्द ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलेगा।
अड़ंगा डालने वालों को मुंहतोड़ जवाब देंगे
अखिल भारतीय वैष्णव अखाड़ा परिषद के महामंत्री बाबा हठयोगी ने कहा कि हमारा किसी के साथ कोई मतभेद नहीं है। लेकिन, अगर कोई हमारे परिषद के काम में बाधा डालेगा तो उसे मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा।