Three Assistant Engineers of the Provincial Segment Removed
शासन ने प्रांतीय खंड के तीन सहायक अभियंताओं को हटाया
क्रासर
सड़क निर्माण घोटाले में एक्सईएन आरबी राम समेत दो पर निलंबन की गाज गिरने के संकेत
अमर उजाला ब्यूरो
प्रयागराज। मेजा-कोहडार-खीरी मार्ग घोटाले के उजागर होने के बाद प्रशासनिक आधार पर पीडब्ल्यूडी प्रांतीय खंड के तीन सहायक अभियंताओं को शासन ने हटा दिया है। एक साथ तीन एई के तबादले से हड़कंप मच गया है। बिना टेंडर सड़क निर्माण कराकर भुगतान कराने के मामले में इसी डिवीजन के अधिशासी अभियंता आरबी राम समेत दो अधिकारियों पर गाज गिरने के संकेत मिले हैं।
36.2 किमी लंबे मेजा-कोहड़ार घाट-खीरी मार्ग का निर्माण बिना शासन की स्वीकृति और टेंडर के ही करा लिए जाने के मामले को लेकर शासन की सख्ती से लोक निर्माण विभाग के अभियंताओं के माथे पर बल पड़ गए हैं। मुख्य अभियंता हिमांशु मित्तल की रिपोर्ट पर प्रमुख अभियंता वीके सिंह ने इस मामले में अवर अभियंता महेंद्र सिंह पटेल को पहले ही निलंबित कर दिया था। साथ ही इस गड़बड़ी के लिए जिम्मेदार ठहराए गए एक्सईएन आरबी राम व सहायक अभियंता भानु प्रताप के निलंबन की संस्तुति शासन को भेजी जा चुकी है। इस मामले में एक्सईएन और एई को लखनऊ तलब कर जानकारी ली चुकी है। जिन तीन सहायक अभियंताओं को प्रयागराज से हटाया गया है उनमें प्रांतीय खंड के बृज बिहारी सिंह को प्रांतीय खंड से निर्माण खंड सहारनपुर भेजा गया है। इसी तरह अनिल कुमार सिंह को अस्थाई खंड औरैया व विनोद कुमार तिवारी को विश्व बैंक खंड झांसी भेजा गया है।