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दिल्ली से पहुंचे हजारों लोग, बस अड्डे पर पुलिस ने संभाल मोर्चा

Sun, 29 Mar 2020 03:10 PM IST
अमर उजाला लोकल ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
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प्रयागराज में सिविल लाइंस बस अड्डे पर दिल्ली से लौटे मजदूरों को भोजन सामग्री देते समाजसेवी संगठन के सदस्य। - फोटो : prayagraj
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दिल्ली से पहुंचे हजारों लोग,बस अड्डे पर पुलिस ने संभाला मोर्चा क्रासर लॉक डाउन में संगमनगरी की सड़कों पर सन्नाटा, बस अड्डा परिसर में बाहर से आने वालों की लगी भीड़ परिवहन निगम ने लोगों को घर पहुंचाने के लिए चलाई बसें अमर उजाला ब्यूरो प्रयागराज। दिल्ली व अन्य प्रांतों से चले बड़ी संख्या में लोग रविवार की सुबह प्रयागराज के सिविल लाइंस बस अड्डे पर पहुंच गए। बस स्टेशन परिसर से लेकर सड़कों तक भारी भीड़ लगने के बाद स्थिति संभालने के लिए पुलिस को मोर्चा संभालना पड़ा।

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prayagraj news - फोटो : prayagraj
एसपी ट्रैफिक भीड़ को शहर में इधर-उधर प्रवेश करने से रोकने के साथ ही दूसरी बसों से उन्हें उनकेघर तक भिजवाने की व्यवस्था में में जुटे रहे। वाराणसी, गाजीपुर, बलिया, देवरिया आजमगढ़, मिर्जापुर, चंदौली के अलावा पूर्वांचल के अन्य जनपदों के लोगों को घर भेजने के लिए परिवहन निगम ने बसें चला दी हैं। लॉक डाउन की वजह से शहर की सड़कों पर पसरे सन्नाटे के बीच परिवहन निगम के सिविल लाइंस बस अड्डा परिसर में दिल्ली से आ रहे यात्रियों की भारी भीड़ लग गई है।

प्रयागराज में सिविल लाइंस बस अड्डे पर दिल्ली से लौटे मजदूरों को भोजन सामग्री देते समाजसेवी संगठन के सदस्य। - फोटो : prayagraj
बस स्टेशन परिसर में बाहर केयात्रियों की भीड़ उतरने की जानकारी एआरएम सीबी राम ने डीएम व अन्य आला अधिकारियों को दी। इसके बाद एसपी ट्रैफिक जवानों के साथ पहुंचे और वह लोगों से धैर्य बनाए रखने की अपील करने लगे। स्टेशन परिसर के बाहर लोग अपनी मंजिल तक जाने के लिए वाहनों का इंतजार करते रहे। कोई डिवाइडर पर तो कोई खाली सड़क के बीच बैठा मिला। प्रतापगढ़ के इंद्रकुमार सरोज ने बताया कि वह अपनी मां रामदुलारी और भांजी शिावनी के साथ लॉक डाउन के बाद से ही जलवायु विहार में फंसे हुए थे।
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prayagraj news - फोटो : prayagraj
लंबी जद्दोजहद के बाद एक परिचित की मदद से निजी कार प्रयागराज तक आने के लिए मिली। सात-सात सौ रुपये प्रति सवारी किराया अदा करने के बाद यहां आ सके। स्टेशन परिसर के बाहर वह अपने घर के लिए वाहन का इंताजर कर रहे थे। इसी तरह दिल्ली में मजदूरी का काम करने वाले मिर्जापुर के रामसकल, प्रेमनाथ और मिट्ठू भी परिवहन निगम की बस से उतरे, तो उनके चेहरेपर थोड़ी राहत के भाव थे।
 
मिट्ठू ने बताया कि अब यहां तक आ गए तो किसी न किसी तरह घर पहुंच ही जाएंगे। वाहन नहीं मिला तो पैदल ही शाम तक निकल जाएंगे। ऐसे हजारों की संख्या में लोग बस स्टेशन पर उतरने के बाद अपनी मंजिल की ओर रुख करने की तैयारी कर रहे हैं। कोट दिल्ली व अन्य प्रांतों से बड़ी संख्या में लोग आ गए हैं। अब उनको सकुशल घर पहुंचाने की व्यवस्था की जा रही है। इसके लिए अलग-अलग रूटों पर बसों का संचालन कराया जा रहा है। सीबी राम, एआरएम। 
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