मौनी अमावस्या स्नान पर्व पर हादसे के जिम्मेदार व शिथिलता बरतने वाले अफसरों-कर्मचारियों पर गाज गिरनी तय है। इसमें ज्यादातर पुलिस कर्मियों के होने की बात कही जा रही है। सीएम योगी ने ऐसे लोगों को चिह्नित कर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
सीएम ने आईसीसीसी में वसंंत पंचमी स्नान पर्व की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने पर्व पर व्यवस्थाओं को जीरो एरर रखने के निर्देश दिए। कहा कि इस अवसर पर अखाड़ों की पारंपरिक शोभायात्रा धूमधाम से निकलेगी। इसकी तैयारियां समय से कर ली जाएं। संतगण हों, कल्पवासी हों, देशभर से आए श्रद्धालु हों या पर्यटक, हर एक की सुरक्षा और सुविधा सुनिश्चित होनी चाहिए। शोभायात्रा का रूट और समय हो या सामान्य स्नानार्थियों के आवागमन का मार्ग, हर बिंदु पर पुख्ता कार्ययोजना होनी चाहिए। किसी भी स्तर पर चूक की कोई गुंजाइश नहीं होनी चाहिए।
कम से कम चलें स्नानार्थी, बढ़ाएं पार्किंग स्थल
सीएम ने कहा कि पार्किंग स्थल बढ़ाए जाएं। ऐसी व्यवस्था सुनिश्चित करें कि संगम स्नान के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को कम से कम चलना पड़े। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि महत्वपूर्ण स्थलों पर एसपी लेवल के अधिकारियों को ट्रैफिक व्यवस्था की जिम्मेदारी सुनिश्चित की जाए। देश-दुनिया महाकुंभ की व्यवस्थाओं व उसकी भव्यता की तारीफ कर रही है। हर कोई प्रयागराज संगम आने को उत्सुक है। यह भाव सतत् बना रहे, इसके लिए सभी को अपना योगदान देना होगा।
जहां समस्याएं, वहां जाएं वरिष्ठ अफसर
प्रमुख स्नान पर्वों और उसके पहले व बाद में वीआईपी प्रोटोकॉल नहीं लागू होगा
सीएम ने कहा कि सेक्टर से अब भी शिकायतें आ रही हैं। जहां ज्यादा शिकायतें हैं, वहां सीनियर अधिकारी स्वयं विजिट करें। सीएम ने यातायता व्यवस्था को लेकर विस्तार से चर्चा की। कहा, कहीं भी जाम की स्थिति न बनने दें। वरिष्ठ अधिकारियों को ड्यूटी पर लगाएं, जो टीम के साथ वहां हर वक्त मौजूद रहें। उनके लिए वहीं पर टेंट और खाने-पीने की व्यवस्था की जाए। कहीं भी भीड़ एक-दूसरे को क्रॉस करती नजर न आए। इसके अलावा दो अधिकारी कंट्रोल रूम से व्यवस्था की निगरानी करें। बाकी अधिकारी बॉर्डर, शहर और मेला क्षेत्र में व्यवस्थाओं को दुरुस्त करें। दो और तीन फरवरी हमारे लिए चुनौतीपूर्ण होगी। प्रमुख स्नान पर्वों और उसके पहले व बाद में किसी तरह का कोई वीआईपी प्रोटोकॉल नहीं लागू होगा। वहीं, सीएम ने परिवहन विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिया कि बसों को तिरछा या बेतरतीब खड़ी नहीं होने दें। पांटून पुलों को योजनाबद्ध तरीके से संचालित करें। रेलवे संग बेहतर तालमेल कर भीड़ प्रबंधन पर ध्यान दें।
बिहार, पूर्वी यूपी से आएगी भीड़
सीएम ने कहा, वसंत पंचमी पर पूर्वी यूपी, बिहार और नेपाल से बड़ी संख्या में श्रद्धालु आएंगे। इसे देखते हुए व्यवस्थाएं की जाएं। प्रयाग जंक्शन आईईआरटी फ्लाईओवर से लोगों का आवागमन नहीं होना चाहिए। लोगों का मूवमेंट फ्रीक्वेंट होना चाहिए। बैरिकेडिंग जहां आवश्यक हो, वहां लगाएं। भीड़ के प्रवाह को रोकें नहीं, बल्कि उन्हें बड़े स्थान में ले जाकर डायवर्ट करें।
झूंसी में संदिग्ध लोगों की हो जांच
सीएम ने झूंसी क्षेत्र के आसपास रहने वाले संदिग्ध लोगों के पुलिस वेरिफिकेशन पर भी जोर दिया। कहा कि अतिक्रमण भी दुर्घटना का कारण बनता है। ऐसे में स्ट्रीट वेंडर्स सड़क पर न दिखाई दें। नियमित रूप से पुलिस की पेट्रोलिंग की जाए। क्रेंस और एंबुलेंस की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। इसके अलावा सीएम ने स्वच्छता पर विशेष बल दिया। उन्होंने नदियों के किनारे कूड़ा न दिखाई दे।
दबाव वाले स्थानों पर तैनात हों वरिष्ठ अफसर
सीएम ने दबाव वाले स्थानों पर विशेष ध्यान देने की बात कही। निर्देश दिया कि ऐसे क्षेत्रों में अनुभवी और सक्षम अफसरों की तैनाती की जाए। साथ ही पांटून पुल पर एक विशेष टीम हमेशा तैनात रहे, ताकि किसी भी दुर्घटना से बचा जा सके। उन्होंने सभी मार्गों को सुगम और भीड़ मुक्त बनाए रखने के लिए एडीजी जोन को आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए। वहीं, उन्होंने अफवाहों पर नियंत्रण और भीड़ प्रबंधन के लिए वरिष्ठ अधिकारियों को जिम्मेदारी देने की बात कही।