फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Prayagraj News:राज्य विश्वविद्यालय को पहली बार में नैक की ग्रेडिंग में मिला ग्रेड ए, प्रभावी शिक्षा नीति कारगर

Sun, 29 Jun 2025 01:58 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

प्रो. राजेंद्र सिंह (रज्जू भइया) राज्य विश्वविद्यालय को राष्ट्रीय मूल्यांकन और प्रत्यायन परिषद ने विश्वविद्यालयों की ग्रेडिंग में ‘ए’ ग्रेड प्रदान किया था। वर्ष 2023 में विश्वविद्यालय ने नैक के मूल्यांकन के लिए आवेदन किया था।
विज्ञापन
रज्जू भैया राज्य विश्वविद्यालय। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

प्रो. राजेंद्र सिंह (रज्जू भइया) राज्य विश्वविद्यालय को राष्ट्रीय मूल्यांकन और प्रत्यायन परिषद ने विश्वविद्यालयों की ग्रेडिंग में ‘ए’ ग्रेड प्रदान किया था। वर्ष 2023 में विश्वविद्यालय ने नैक के मूल्यांकन के लिए आवेदन किया था। इस तरह पहली बार में ही विश्वविद्यालय को नैक ने ए ग्रेड प्रदान किया है।

विज्ञापन


जब भी कोई नया राज्य विश्वविद्यालय बनता है तो वह स्थापना के पांच वर्ष के बाद ही नैक मूल्यांकन के लिए आवेदन कर सकता है। नैक की टीम ने 16,17 और 18 जून को विश्वविद्यालय के मुख्य परिसर के मूल्यांकन के लिए आई थी।

राज्य विवि के लिए यह एक बड़ी उपलब्धि है। जबकि अन्य विवि कई वर्षों तक ग्रेड ए के लिए तैयारी करते हैं लेकिन, उनको ग्रेड ए नहीं मिल पाता है। नैक की ग्रेडिंग में सबसे अधिक प्रभावी नई शिक्षा नीति को समय से लागू करना, रोजगारपरक पाठ्यक्रम शुरू करना, खेल को बढ़ावा देने के लिए स्टेडियम का निर्माण और विद्यार्थियों के लिए आधुनिक सुविधाओं से युक्त उच्चस्तरीय कंप्यूटर लैब की स्थापना रही।

विज्ञापन

120 छात्रों से हुई थी शुरुआत, अब 2200 विद्यार्थी

राज्य विश्वविद्यालय की शुरुआत जून 2016 में सिविल लाइंस स्थित सीपीआई परिसर से हुई थी, जो अब नैनी स्थित सरस्वती हाईटेक परिसर में जा चुका है। विश्वविद्यालय का मुख्य परिसर 120 एकड़ में फैला है। वर्ष 2019 में इसे राज्य विश्वविद्यालय से प्रो. राजेंद्र सिंह (रज्जू भइया) विश्वविद्यालय कर दिया गया। विश्वविद्यालय में कला वर्ग के छह विषयों से शिक्षण सत्र की शुरुआत हुई थी, जिनमें 120 विद्यार्थियाें ने दाखिला लिया था। वर्तमान में 39 पाठ्यक्रमों में कुल 2200 छात्र-छात्राएं हैं। जबकि विश्वविद्यालय से वर्तमान में प्रदेश के 740 कॉलेजों के लगभग पांच लाख से अधिक छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं।
विज्ञापन

विवि की खास बातें
- राष्ट्रीय शिक्षा नीति लागू
- अनुसंधान गतिविधियों के लिए अनुसंधान एवं परामर्श नीति
- शोध एवं अनुसंधान के लिए 10 करोड़ रुपये की अक्षय निधि
- एक विभाग को सेंटर ऑफ एक्सीलेंस का दर्जा
- अब तक 110 से अधिक शोधपत्र एवं 23 पुस्तकों का प्रकाशन
- छात्रावास एवं अतिथि गृह
- खेलों के लिए स्टेडियम, उच्चस्तरीय लाइब्रेरी, आईटी सेंटर
- 56 राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं के साथ अनुबंध
- अंकपत्र, प्रमाणपत्र जारी करने की पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन
- 10 वर्षीय विजन दस्तावेज तैयार करना

बोले कुलपति
राज्यपाल आनंदी बेन पटेल के मार्गदर्शन में छात्र सुविधाओं के लिए विश्वविद्यालय लगातार काम कर रहा है। विश्वविद्यालय के लिए यह बड़ी उपलब्धि है कि पहले ही प्रयास में नैक ने ए ग्रेड प्रदान किया है। हमारा अगला लक्ष्य इससे भी बेहतर ग्रेड हासिल करना है। - प्रो. अखिलेश सिंह, कुलपति, प्रो. राजेंद्र सिंह (रज्जू भइया) राज्य विश्वविद्यालय।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें