इलाहाबाद (ब्यूरो)। मैत्रेयी संस्था और शोहरतगढ़ इंवायरमेंटल सोसायटी के संयुक्त तत्वावधान में शनिवार को महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय के क्षेत्रीय केंद्र में पर्यावरण जागरूकता संगोष्ठी आयोजित की गई। जिसमें वक्ताओं ने बढ़ते प्रदूषण पर चिंता जताई। मुख्य अतिथि उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र निदेशक गौरव कृष्ण बंसल ने कविता का संदर्भ देते हुए कहा कि परिवेश को साफ सुथरा और ज्यादा से ज्यादा पौधरोपण के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए सांस्कृतिक गतिविधियों का सहारा लेना होगा।
विशिष्ट अतिथि एडीए सचिव अमरनाथ उपाध्याय ने कहा कि पर्यावरण का संरक्षण हम सभी का दायित्व है। वरिष्ठ साहित्यकार अजामिल ने पर्यावरण को मानवीय संवेदना का विषय बताया। लोक कलाविद् अतुल यदुवंशी ने प्रदूषण के प्रति लोगों को सजग करने की बात कही। वरिष्ठ अधिवक्ता गोविंद सक्सेना ने प्रदूषण फैलाने वालों पर नकेल कसने की बात कही।
कार्यक्रम अध्यक्ष वरिष्ठ साहित्यकार डॉ. सुरेंद्र वर्मा ने कहा कि पर्यावरण असंतुलन व्यक्ति विशेष नहीं बल्कि पूरे विश्व की समस्या है। यह आधुनिकता की दौड़ में दिनोंदिन बढ़ती ही जाएगी। संगोष्ठी में विजय विशाल, डॉ. आरके अस्थाना, रजिया सुल्तान, श्वेता शर्मा, राजीव, राकेश वर्मा, प्रवीण शेखर, निशांत सक्सेना, प्रदीप राव, इफ्तिखार, दीपक श्रीवास्तव, नवीन श्रीवास्तव ने विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम का संयोजन नंदल हितैषी और संस्था के महासचिव धीरेंद्र नाथ श्रीवास्तव ने धन्यवाद ज्ञापन किया।
रतीनाथ योगेश्वर को ‘सर्वेश्वर दयाल सक्सेना सम्मान’
इलाहाबाद (ब्यूरो)। संचेतना संस्था की ओर से कवि रतीनाथ योगेश्वर को ‘सर्वेश्वर दयाल सक्सेना सम्मान’ देने का निर्णय लिया गया है। कवि रतीनाथ को यह सम्मान उनकी चर्चित कविता संग्रह ‘थैंक्यू मरजीना’ के लिए 15 सितंबर को सर्वेश्वर दयाल सक्सेना के जन्मदिन पर आयोजित कार्यक्रम काव्य पर्व में दिया जाएगा। संस्था अध्यक्ष डॉ. सुनील विक्रम सिंह ने बताया कि निर्णायक मंडल में डॉ. रामजी मिश्र, डॉ. सरोज सिंह, डॉ. सुनील विक्रम सिंह और नागेंद्र नाथ श्रीवास्तव रहे।