The oil pipeline was cut after the shutdown
शट डाउन के बाद काटी गई कानपुर-बरौनी तेल पाइप लाइन
प्रयागराज। इंडियन ऑयल की कानपुर-बरौनी पाइप लाइन से बड़े पैमाने पर तेल चोरी के पीछे विभागीय कर्मचारियों की मिलीभगत की आशंका है। अब तक की जांच में पता चला है कि पाइप लाइन काटने के लिए बाकायदा होमवर्क किया गया था। पाइप लाइन ऐसे समय पर काटी गई जब शट डाउन लिया गया था। इसका मतलब साफ है डिपो से शट डाउन लिए जाने की सटीक जानकारी तेल चोर गिरोह के सदस्यों को पहले से थी। फिलहाल चोरी कब से की जा रही थी और अब तक कितना तेल निकाला गया है, इसका विवरण डिपो के अधिकारी सोमवार को भी नहीं दे सके।
कानपुर-बरौनी तेल पाइप लाइन काटने के लिए गिरोह केसदस्यों ने लंबी ब्यूह रचना तैयार की थी। कहा जा रहा है कि पाइप लाइन में इतना प्रेशर रहता है कि उसे किसी भी समय काटना संभव ही नहीं हो सकता। जबतक की आपूर्ति ठप न की जाए। पता चला है कि हाल के दिनों में इस पाइप लाइन पर शट डाउन लिया गया था। ऐसे में प्रेशर निल होने पर तेल चोर गिरोह के सदस्यों ने पाइप लाइन में ड्रिलिंग कर छेद बना लिया। उसमें नाजिल पंप की अलग से किट लगाई गई और फिर तेल निकाला जाने लगा।
इस तेल पाइप लाइन के जनरल मैनेजर मंजीत धीमान ने इस घटनाक्रम पर सोमवार को भी कोई टिप्पणी नहीं दी। अलबत्ता उन्होंने फोन तक रिसीब नहीं किया। इससे पहले रविवार को उनका कहना था कि वे बाहर हैं और दफ्तर पहुंचने पर विवरण उपलब्ध करा दिया जाएगा। करछना पुलिस ने इस पाइप लाइन को काटकर निकाले गए दो हजार लीटर डीजल की बरामदगी की है। पुलिस पाइप लाइन की निगरानी करने वाले इंडियन ऑय के चौकीदार से भी इस मामले में जल्द ही पूछताछ करेगी। इसके अलावा पुलिस कुछ अफसरों से भी संपर्क साधने की तैयारी में है।
डीजल चोरी में बरामद पिकअप जौनपुर के सुरियावां की
प्रयागराज। करछना के गधियांव गांव के पास इंडियन ऑयल की पाइप लाइन काटकर डीजल चोरी किए जाने के मामले में सोमवार को पुलिस को बरामद पिकअप का सुराग मिल गया। पिकअप जौनपुर के सुरियावां के किसी व्यक्ति की है। परिवहन विभाग से पिकअप का रजिस्ट्रेशन नंबर ट्रेस होने के बाद पुलिस की एक टीम जौनपुर रवाना हो गई है। प्रभारी निरीक्षक दीपेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि बरामद वाहन के स्वामी और चालक की गिरफ्तारी की कोशिश की जा रही है।