प्रदेश के राजकीय और अनुदान प्राप्त अशासकीय डिग्री कॉलेजों में
अगले सत्र से शिक्षकों की कमी काफी हद तक दूर हो जाने की उम्मीद है। इन
कालेजों की भर्ती प्रक्रिया तेज हो गई है। उम्मीद है कि जून से पहले लिखित
परीक्षा और साक्षात्कार कराके अंतिम परिणाम घोषित कर दिए जाएंगे। उच्चतर
शिक्षा सेवा आयोग की ओर से सात साल बाद असिस्टेंट प्रोफेसर के 1652 पदों
के लिए भर्ती परीक्षा शुरू हुई है। पहले चरण की परीक्षा हो चुकी है।
दूसरे
चरण की परीक्षा चार जनवरी को है। तीसरे और आखिरी चरण की परीक्षा जनवरी में
आखिरी या फरवरी के पहले सप्ताह में संभावित है। माना जा रहा है कि जुलाई
में नया सत्र शुरू होने से पहले अंतिम परिणाम घोषित कर दिए जाएंगे। इसके
अलावा उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग की ओर से सूबे के राजकीय महाविद्यालयों
में प्रवक्ता भर्ती के लिए शनिवार को परीक्षा हुई। इसके तहत 27 विषयों के
लिए शिक्षकों की भर्ती की जाएगी। इनके लिए भी जून तक भर्ती प्रक्रिया पूरी
होने की उम्मीद है। ऐसे में दोनाें भर्तियां समय रहते पूरी हो गईं तो नए
सत्र में दो हजार से अधिक शिक्षक मिल जाएंगे।