प्रयागराज। नगर निगम की ओर से गृहकर लगाए जाने के निर्णय को वापस लेने के सवाल पर बुधवार को आनंद भवन प्रबंधन ने नगर आयुक्त रवि रंजन से मुलाकात की। इस दौरान आनंद भवन प्रबंधन ने इस मसले पर बिंदुवार अपना पक्ष रखा। आनंद भवन का प्रबंधन देखने वाले जवाहर लाल नेहरू स्मारक निधि के प्रशासक ने दस्तावेजों की प्रतिलिपियां भी सौंपी। साथ ही कहा कि आनंद भवन एक चैरिटेबल ट्रस्ट है। इस पर गृहकर लगाने का फैसला नियम संगत नहीं है। इस भवन को गृहकर से मुक्त किया जाना चाहिए। नगर आयुक्त ने इस मसले पर न्याय किए जाने का भरोसा दिलाया।
दोपहर करीब 12:30 बजे जवाहर लाल नेहरू स्मारक निधि के प्रशासक डॉ रवि किरन ने सिविल लाइंस के पार्षद अशोक सिंह के साथ नगर आयुक्त से भेंट कर आनंद भवन से मुद्दे पर वार्ता की। नेहरू स्मारक निधि के प्रशासक ने बताया कि आनंद भवन को आयकर की धारा- 80 जी के तहत आयकर से छूट दी गई है। ऐसी संस्थाओं पर गृहकर नहीं लगाया जा सकता। नगर आयुक्त को उन्होंने इस संबंध में ज्ञापन की प्रति सौंपने के साथ ही आनंद भवन को चैरिटेबल संस्था के रूप में प्रमाणित करने वाले दस्तावेद भी दिए। इसके कुछ देर बार नगर निगम पार्षद दल के नेता मुकुंद तिवारी ने भी आनंद भवन को गृहकर से मुक्त करने के मुद्दे पर अपर नगर आयुक्त अमरेंद्र वर्मा और कर अधिकारी पीके मिश्रा से वार्ता की। साथ ही चेताया कि अगर इस मसले पर नगर निगम ने किसी दबाव में आकर कदम उठाया तो सड़कों पर कड़ा विरोध-प्रदर्शन किया जाएगा।