हाईकोर्ट के निर्देश पर मथुरा वृंदावन में प्रस्तावित बांके बिहारी मंदिर कॉरिडोर और यमुना घाटों के सुंदरीकरण पर आपसी सहमति के लिए रविवार को महाधिवक्ता कार्यालय में मामले से जुड़े पक्षकारों की बंद कमरे में बैठक हुई। इसका ब्योरा मुख्य न्यायाधीश की अदालत में रखा जाएगा।
बांके बिहारी मंदिर कॉरिडोर और यमुना घाटों के सुंदरीकरण मामले पर अनंत शर्मा, महंत मंगल दास व अन्य की ओर से दाखिल जनहित याचिका पर मुख्य न्यायमूर्ति प्रीतिंकर दिवाकर व न्यायमूर्ति आशुतोष श्रीवास्तव की खंडपीठ सुनवाई कर रही है।
अदालत ने मथुरा वृंदावन में प्रस्तावित बांके बिहारी मंदिर कॉरिडोर और यमुना घाटों के सुंदरीकरण पर सभी पक्षों के अधिवक्ताओं से कहा कि मामले का हल आपसी बातचीत कर भी निकाला जा सकता है। लिहाजा, अदालत ने दोनों पक्षों को आपस में बैठकर सुलह करने का मौका दिया था।