शास्त्री पुल की दारागंज से झूंसी आने वाली लेन के 45वें पिलर का बेलन खिसक गया है। इस वजह से शनिवार को करीब एक इंच का गैप दिखाई देने लगा। इससे सड़क की मरम्मत पर भी सवाल उठे हैं।
शास्त्री पुल की सड़क का करीब दो माह पहले ही 15 करोड़ रुपये की लागत से निर्माण कराया गया था। सड़क को एस्ट्रो टर्फ तकनीक से तैयार किए जाने की बात कही गई थी। जून में सड़क का निर्माण हुआ।
15 जुलाई से लोगों के आवागमन के लिए पुल को खोला गया लेकिन तीसरे ही दिन उसकी सड़क टूट गई। लोहे की सरिया तक दिखने लगी। सप्ताह भर में दो जगहों से डामर उखड़ गया था।
अब शास्त्री पुल के 45 नंबर पिलर में गैप आ गया। इसके साथ एक और पिलर के ज्वाइंट पर सड़क का डामर उखड़ा हुआ दिखाई दिया है। लोक निर्माण विभाग खंड तीन के सहायक अभियंता केएस श्रीवास्तव ने बताया कि पुल पर वाहनों के दबाव के कारण ऐसा अक्सर हो जाता है। जांच के बाद पिलर की मरम्मत कराई जाएगी।