प्राथमिक विद्यालयों के सत्र में परिवर्तन होने के कारण अध्यापकों को इस वर्ष सत्रांत का लाभ नहीं दिया जा रहा है। इस संबंध में नौ दिसंबर 2014 को एक शासनादेश जारी किया गया है जिसके मुताबिक अब प्राथमिक विद्यालयों का सत्र अप्रैल माह से प्रारंभ होगा । इस आधार पर बीच सत्र में रिटायर होने वाले अध्यापकों को सत्रांत लाभ नहीं मिलेगा। इस शासनादेश को याचिका दाखिल कर चुनौती दी गई है। गोरखपुर जिले में तैनात प्रधानाध्यापक रामवृक्ष मौर्य की याचिका पर सुनवाई रहे न्यायमूर्ति एमसी त्रिपाठी ने प्रदेश सरकार से तीन सप्ताह में जवाब मांगा है।
याची का कहना है कि नया शैक्षणिक सत्र लागू होने के कारण उसे सत्रांत का लाभ नहीं दिया जा रहा है। जबकि उत्तर प्रदेश बेसिक शिक्षा नियमावली में प्रावधान है कि बीच सत्र में रिटायर होने वाले अध्यापकों को स्वत: सत्रांत का लाभ मिलेगा ताकि पढ़ाई बाधित न हो। सरकार ने इस पर विचार किए बिना नया सत्र लागू करने का शासनादेश जारी कर दिया है।