इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती बोर्ड से दरोगा भर्ती-2025 की लिखित परीक्षा में विवादित प्रश्नों के उत्तर बदलने और अभ्यर्थियों को आपत्ति का अवसर नहीं देने पर दो हफ्ते में जवाबी हलफनामा तलब किया है।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती बोर्ड से दरोगा भर्ती-2025 की लिखित परीक्षा में विवादित प्रश्नों के उत्तर बदलने और अभ्यर्थियों को आपत्ति का अवसर नहीं देने पर दो हफ्ते में जवाबी हलफनामा तलब किया है। यह आदेश न्यायमूर्ति मनीष कुमार निगम की अदालत ने कमलेश कुमार यादव व अन्य की याचिका पर दिया है। मामले की अगली सुनवाई 25 अगस्त को होगी।
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बता दें कि दरोगा भर्ती का विज्ञापन 12 अगस्त 2025 को जारी किया गया था। भर्ती के लिए 15,75,760 ऑनलाइन आवेदन प्राप्त हुए थे। लिखित परीक्षा 14 और 15 मार्च 2026 को दो-दो पालियों में आयोजित की गई। पुलिस भर्ती बोर्ड ने 23 मार्च को प्रारंभिक उत्तर कुंजी जारी करते हुए अभ्यर्थियों से 23 से 26 मार्च तक आपत्तियां मांगी थीं। इसके बाद कई प्रश्नों के उत्तर में बदलाव करते हुए 14 मई को अंतिम उत्तर कुंजी जारी की गई।
आरोप है कि अंतिम उत्तर कुंजी में बदले गए उत्तरों पर अभ्यर्थियों को आपत्ति दर्ज कराने का कोई अवसर नहीं दिया गया। याचियों के अनुसार 14 मार्च की प्रथम पाली में पूछे गए दो प्रश्नों के उत्तर प्रारंभिक उत्तर कुंजी में प्रामाणिक साक्ष्यों के आधार पर सही माने गए थे, लेकिन अंतिम उत्तर कुंजी में उनके उत्तर बदल दिए गए। इन बदलावों से पहले अभ्यर्थियों से आपत्तियां नहीं मांगी गईं और उनके प्रत्यावेदनों पर भी विचार किए बिना अंतिम परिणाम घोषित कर दिया गया।