उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग तथा अन्य राज्य आयोग की भर्ती परीक्षाओं की तैयारी करने वाले प्रतियोगी अब ऑनलाइन परीक्षा के लिए भी तैयार हो जाएं। राज्य लोक सेवा आयोगों के राष्ट्रीय सम्मेलन की स्टैंडिंग कमेटी की शनिवार को हुई बैठक में इस पर सहमति बनी। हालांकि , इसकी शुरुआत छोटी परीक्षाआें से होगी। राज्य आयोगों का सम्मेलन फरवरी में गुजरात में प्रस्तावित है। ऑनलाइन परीक्षा के प्रावधान को कैसे लागू किया जाए इस पर सम्मेलन में चर्चा होगी। कमेटी ने इसका एक प्रारूप भी तैयार किया है। उसे भी सम्मेलन में रखा जाएगा।
कमेटी के चेयरपर्सन हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष केएस तोमर ने बैठक के बाद औपचारिक वार्ता में बताया कि बदलते समय में ऑनलाइन परीक्षा की शुरुआत करनी ही होगी। इसके पहले चरण में ऑनलाइन आवेदन, ई-पेमेंट आदि की शुरुआत कई राज्यों में हो चुकी है। अब ऑनलाइन परीक्षा की दिशा में आगे बढ़ने की बारी है। हालांकि , इसमें आने वाली बाधाओं की ओर भी उन्होंने ध्यान इंगित कराया।
उनका कहना था कि कंप्यूटर लैब की सुविधा, सिक्योरिटी, इंजीनियरिंग कॉलेजों की उपलब्धता आदि पहलुओं को ध्यान में रखना होगा। इसलिए धीरे-धीरे इस दिशा में आगे बढ़ा जाएगा। ऐसे में उत्तर प्रदेश तथा अन्य बड़े राज्यों के आयोग की भर्तियों में इसकी शुरुआत छोटी परीक्षाओं से होगी। बैठक में ई-गर्वनेंस, सूचना प्रौद्योगिकी का उपयोग बढ़ाने, आयोग के कार्य व्यवहार में एकरूपता, समन्वयक स्थापित करने तथा समयबद्ध पारदर्शी निष्पक्ष कार्य प्रणाली अपनाए जाने पर जोर दिया गया।
इलाहाबाद (ब्यूरो)। राज्य भर्ती आयोगों की परीक्षाएं टकराने की शिकायत अब दूर होने जा रही है। राज्य लोक सेवा आयोग के राष्ट्रीय सम्मेलन की स्टैंडिंग कमेटी ने एक कॉमन वेबसाइट बनाने की पहल की है। इस पर सभी आयोगों की भर्ती परीक्षाओं का कैलेंडर आदि सभी तरह के विवरण उपलब्ध हाेंगे। इतना ही नहीं प्रतियोगियों को भर्तियों से संबंधित सुप्रीम कोर्ट और अलग-अलग राज्य के हाईकोर्ट के आदेश की जानकारी के लिए भी नहीं भटकना पड़ेगा। न्यायालय के आदेशों की प्रति भी स्टैंडिंग कमेटी की वेबसाइट पर अपलोड होगी। राष्ट्रीय सम्मेलन में इस पर सहमति बनने के बाद इसके लिए प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।