सिविल लाइंस निवासी विवाहिता ने पति, डॉक्टर ननद और ससुर पर जान से मारने की कोशिश करने का आरोप लगाया है। साथ ही धोखे से तलाक के कागजात पर हस्ताक्षर कराने और स्लो पॉइजन का इंजेक्शन लगाने की एफआईआर दर्ज कराई है।
पीड़िता ने तहरीर में बताया कि उसका विवाह पांच दिसंबर 2023 को फतेहपुर के कल्याणपुर (वर्तमान पता कानपुर के काकादेव) निवासी आदित्य प्रताप से हुआ था।
आरोप है कि विवाह के बाद पति, डॉक्टर ननद और ससुर रमनजीत ने उसे प्रताड़ित करना शुरू कर दिया। विवाहिता ने पति के अन्य कई महिलाओं के साथ संबंध होने के आरोप लगाए हैं।
आरोप है कि सितंबर 2025 में ननद नीट-पीजी की परीक्षा देने के बाद कानपुर वाले घर पर आकर रहने लगी। इसके बाद जब सास-ससुर अपने पैतृक निवास फतेहपुर चले जाते तो पति उसे जबरन बांध देता। डॉक्टर ननद उसे स्लो पॉइजन का इंजेक्शन देती थी।
पूछने पर इसे विटामिन-डी का इंजेक्शन बताया जाता था। इंजेक्शन लगते ही वह कई घंटों के लिए अचेत हो जाती थी। विरोध करने पर कहा जाता था कि यह स्लो पॉइजन है, तुम्हें धीरे-धीरे मार देंगे। अपने भाई के लिए दूसरी भाभी लाएंगे। आरोप है कि ससुर ने झांसे में लेकर कोर्ट में आपसी सहमति से तलाक के कागजातों पर हस्ताक्षर करवा लिए।
आरोप है कि इसी वर्ष 24 मई को उसे मायके प्रयागराज छोड़ दिया गया। तब से वह यही है। सिविल लाइंस पुलिस ने पीड़िता का बयान दर्ज कर ससुरालियों पर एफआईआर दर्ज की है। सिविल लाइंस थाना प्रभारी रामाश्रय यादव ने बताया कि पीड़िता का बयान दर्ज किया गया है, मामले में सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।