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खुलासा : शराब पार्टी के दौरान हुए विवाद में हुई थी जूता व्यापारी की हत्या, आरोपियों की बेरहमी सुन पुलिस भी दंग

Sun, 05 Feb 2023 01:05 AM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

थाना क्षेत्र के छतनाग रोड स्थित तिवारी मार्केट के गोदाम में 29 जनवरी की रात हुई जूता व्यापारी की हत्या का खुलासा पुलिस ने शनिवार को कर दिया। शहर के जानसेनगंज पानदरीबा निवासी (30) वर्षीय जूता व्यापारी अंकित अग्रवाल की हत्या शराब पार्टी के दौरान विवाद में की गई थी।
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Prayagraj News : हत्या के आरोप में पकड़े गए आरोपी। - फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
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थाना क्षेत्र के छतनाग रोड स्थित तिवारी मार्केट के गोदाम में 29 जनवरी की रात हुई जूता व्यापारी की हत्या का खुलासा पुलिस ने शनिवार को कर दिया। शहर के जानसेनगंज पानदरीबा निवासी (30) वर्षीय जूता व्यापारी अंकित अग्रवाल की हत्या शराब पार्टी के दौरान विवाद में की गई थी। पुलिस ने हत्या के मुख्य आरोपी मनीष उर्फ भीम यादव समेत अन्य तीन को गिरफ्तार कर मामले का खुलासा किया। हत्या में प्रयुक्त की लोहे की राड और बिजली के हीटर के टुकड़े और अंकित अग्रवाल का मोबाइल भी बरामद किया है। दोपहर बाद पकड़े गए आरोपियों को जेल भेज दिया गया।

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शहर के पानदरीबा जानसेनजंग निवासी आरके अग्रवाल के बेटे अंकित और मुदित की झूंसी के छतनाग रोड स्थित तिवारी मार्केट में न्यू अग्रवाल फुटवियर के नाम से जूते-चप्पल की दुकान है। शहर में जाम होने के कारण पहले 28 और बाद में 29 जनवरी को भी अंकित झूंसी में अपनी दुकान के पीछे स्थित गोदाम में रुक गया था। इसी दिन गोदाम में पार्टी रखी थी। इसके लिए वह मनीष उर्फ भीम यादव पुत्र दिनेश यादव निवासी नैका-महीन झूंसी को उसके घर से बुलाकर ले गया था।

कुछ देर बाद फिर पहुंचा, चल रही थी सांस तो फिर मारा
 
भीम यादव झूंसी में अपने ननिहाल में मिले मकान में परिवार के साथ रहता है। कुछ देर बाद ही वहां पर अंकित के बुलाने पर उसके दोस्त सुमित केसरवानी पुत्र ईश्वरचंद्र केसरवानी, आकाश जायसवाल पुत्र संतोष जायसवाल तथा रोहित जायसवाल पुत्र अशोक कुमार जायसवाल निवासी नीबीकला गांव थाना झूंसी भी वहां पहुंच गए। चारों ने पहले मिलकर जमकर शराब पी। इसके बाद वहीं पास से बिरयानी के साथ ही अन्य खाने-पीने का सामान मंगाया।

इसी दौरान भीम यादव, सुमित और अन्य दोनों दोस्तों का पैसे के लेनदेन को लेकर अंकित से विवाद हो गया। इसके बाद चारों ने मिलकर लोहे की राड से मिलकर अंकित के सिर पर वार कर दिया। इसके बाद चारों उसे मरा समझकर गोदाम की सिटकनी बाहर से चढ़ाकर चले गए। कुछ देर बाद भीम दोबारा वहां पहुंचा और गोदाम के भीतर जाकर देखा कि अंकित मर गया या जिंदा है। इसके बाद दोबारा उसने बिजली का हीटर उसके सिर पर मार दिया। जब वह पूरी तरह आश्वस्त हो गया कि अंकित की मौत हो चुकी है, तब भीम यादव वहां से गया।

हत्या में प्रयुक्त रॉड बरामद
जाते-जाते व्यापारी अंकित का मोबाइल सेट भी उठा ले गया। मुखबिर की सूचना पर शनिवार को इंस्पेक्टर झूंसी वैभव सिंह ने चौकी इंचार्ज छतनाग नवीन सिंह, चौकी इंचार्ज रहीमापुर जितेंद्र सिंह राजपूत, एसआई अमित यादव व अन्य पुलिसकर्मियों के साथ टीम बनाकर मनीष उर्फ भीम यादव को पुरानी झूंसी टीकरमाफी मोड़ तथा सुमित, आकाश और रोहित को अंदावा तिराहे के पास से गिरफ्तार कर लिया। अभियुक्तों की निशानदेही पर व्यापारी का मोबाइल सेट, हत्या में प्रयुक्त लोहे की राड और बिजली हीटर के टुकड़े भी बरामद कर लिए हैं। दोपहर बाद चारों आरोपियों को जेेल भेज दिया गया।

व्यापारी को मौत के घाट उतारने के बाद वहीं बैठकर पी सिगेरट

जूता व्यापारी अंकित अग्रवाल की दुकान के पीछे ही मुख्य हत्यारोपी मनीष उर्फ भीम यादव का मकान है। दोनों अक्सर गोदाम में पार्टी किया करते थे। 29 जनवरी को अंकित अग्रवाल भीम को उसके घर से बुलाकर ले गया था। बोला कि आज उसका जन्मदिन है, मिलकर पार्टी करेंगे। इसी बीच न जाने कौन सी ऐसी बात हुई कि भीम यादव व्यापारी अंकित की जान का दुश्मन बन बैठा।

भीम ने पुलिस को बताया कि दोबारा वह गोदाम पहुंचा और सिटकनी खोलकर भीतर गया तो अंकित की सांसें चल रही थीं। तब उसने बिजली का हीटर उठाकर उसके सिर पर पटक दिया। यही नहीं वहीं पर बैठकर सिगरेट भी पी। कुछ देर बाद उसके हाथ की नब्ज भी टटोली। जब वह पूरी तरह आश्वस्त हो गया कि अंकित की मौत हो चुकी है, तब वह गोदाम से बाहर निकला और बाहर से सिटकनी चढ़ाकर घर चला गया।
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तीन महीने पहले अंकित के साथ मुख्य आरोपी गया था उज्जैन
जूता व्यापारी अंकित अग्रवाल और मनीष उर्फ भीम यादव के बीच गहरी दोस्ती थी। तकरीबन तीन माह पहले दोनों साथ में उज्जैन भी गए थे। अंकित के साथ शहर में रहने वाले उसके दो दोस्त भी उज्जैन गए थे। भीम ने पुलिस को बताया कि वहां पर भी किसी बात को लेकर उसका अंकित से झगड़ा हो गया था। बताया कि वहां पर उसे मौका नहीं मिला, वरना उज्जैन में ही वह अंकित को जान से मार देता। पुलिस के मुताबिक मुख्य हत्यारोपी भीम यादव नशे का भी आदी है।
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