सरकारी कार्य में झूठी सूचना देकर धोखाधड़ी के मामले में जांच कर रिपोर्ट न देने पर कोर्ट ने एसडीएम करछना को व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होकर स्पष्टीकरण देने का आदेश दिया है। कोर्ट ने पूछा कि किस कारण से आदेश की अवहेलना की गई है। सुनवाई 14 मार्च को होगी।
प्रकरण थाना करछना के कपठुआ गांव का है। वादी श्रवण कुमार द्विवेदी ने ग्राम की प्रधान रामसवारी और पंचायत सचिव महेश कुमार और पूर्व सचिव जितेंद्र गौड़ के खिलाफ मुकदमा दर्ज किए जाने की अर्जी दी थी। आरोप है कि शौचालय के लाभार्थियों की सूची में गांव की रोशनी और सबिता का नाम दर्ज कर सरकारी धन ले लिया और सरकारी अभिलेखों में झूठी सूचना दर्ज कर लिया। जांच में मौके पर शौचालय बना नहीं पाया गया। सीजेएम कोर्ट ने इस प्रकरण में डीएम को जांच कर 17 जनवरी तक रिपोर्ट देने का आदेश दिया था। एसडीएम ने अतिरिक्त समय देने की कोर्ट से याचना की थी। कोर्ट ने नोटिस दी थी इसके बावजूद रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं की जा रही है।
अपहरण कर हत्या में गोदऊ पासी की जमानत खारिज
जिला न्यायालय ने चमन सोनकर का अपहरण कर हत्या करने के मामले में विनोद उर्फ गोदऊ पासी की जमानत अर्जी खारिज कर दी है। यह आदेश अपर जिला कुमार ने अपर डीजीसी गिरीश कुमार तिवारी और एडीजीसी राजकुमार सिंह को सुनकर दिया है। घटना पांच जून 2015 की धूमनगंज थाने की है। वादिनी उर्मिला सोनकर ने अपने पुत्र चमन सोनकर के अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। अभियुक्त गोदऊ पासी पर आरोप है कि पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया था, जिसमें उसने अन्य सहअभियुक्तो के साथ मिल कर चमन सोनकर की गोली मार कर हत्या करने और शव को यमुना नदी में फेंक देने का बयान दिया था।
हत्या में दो की जमानत नामंजूर
जिला न्यायालय ने संजय पाल की हत्या में आरोपी धीरज मौर्य और सत्येंद्र शुक्ला की जमानत अर्जी खारिज कर दी है। यह आदेश जिला जज उमेश कुमार शर्मा ने डीजीसी गुलाब अग्रहरि को सुनकर दिया है। घटना 24 अक्तूबर 2019 की सोरांव थाने की है। वादी कालिका प्रसाद ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी । अभियुक्तगण पर आरोप है कि महिला सहअभियुक्ता की साजिश से संजय पाल की हत्या की गई थी। जिला जज ने हत्या के एक मामले में आरोपी हिमांशू पासी की जमानत अर्जी खारिज कर दी है।