इन सभी पदों को स्क्रीनिंग परीक्षा एवं साक्षात्कार के माध्यम से भरा जाएगा। इनमें राजकीय महाविद्यालयों में असिस्टेंट प्रोफेसर के पदों पर भर्ती सबसे महत्वपूर्ण है। इस भर्ती के लिए बड़ी संख्या में अभ्यर्थी आवेदन करते हैं। भर्ती के लिए उच्च शिक्षा निदेशालय की ओर से 300 से अधिक रिक्त पदों का अधियाचन भी शासन के माध्यम से आयोग को भेजा जा चुका है। आयोग को अब स्क्रीनिंग परीक्षा से संबंधित प्रस्तावित नियमावली को शासन से मंजूरी मिलने का इंतजार है।
नियमावली को मंजूरी मिलने के बाद ही आयोग असिस्टेंट प्रोफेसर भर्ती के लिए विज्ञापन जारी करेगा। परीक्षा प्रणाली में बदलाव के बाद अब अभ्यर्थियों के बीच कड़ी स्पर्धा होगी। स्क्रीनिंग परीक्षा के 75 फीसदी अंक चयन में जोड़े जाने हैं, ऐसे में जो स्क्रीनिंग परीक्षा अब तक केवल अभ्यर्थियों की छंटनी के लिए होती थी, अब अभ्यर्थियों के चयन का मुख्य आधार होगी।