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विज्ञान प्रदर्शनी : एक किमी दूर रहने पर ही ट्रैफिक सिग्नल पर अनाउंस होगा...साइड दें...इमरजेंसी वाहन आ रहा है

Thu, 27 Mar 2025 04:38 PM IST
विनोद सिंह पुष्पा कुमारी, प्रयागराज

सार

अब इमरजेंसी वाहन ट्रैफिक सिग्नल पर नहीं फंसेंगे। एक किमी दूर रहने पर ही ट्रैफिक सिग्नल पर अनाउंस होगा कि एंबुलेंस, फायर ब्रिगेड, आर्मी व पुलिस का वाहन आ रहा है... कृपया साइड दें। इसके बाद उधर का सिग्नल ग्रीन हो जाएगा।
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विज्ञान प्रदर्शनी में मॉडल दिखाते छात्र। - फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
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अब इमरजेंसी वाहन ट्रैफिक सिग्नल पर नहीं फंसेंगे। एक किमी दूर रहने पर ही ट्रैफिक सिग्नल पर अनाउंस होगा कि एंबुलेंस, फायर ब्रिगेड, आर्मी व पुलिस का वाहन आ रहा है... कृपया साइड दें। इसके बाद उधर का सिग्नल ग्रीन हो जाएगा। इसके लिए मलाक हरहर स्थित आरपी रस्तोगी इंटर कॉलेज के 11वीं के छात्र निखिल भारतीय ने एडवांस ट्रैफिक कंट्रोल सिस्टम फॉर इमरजेंसी व्हीकल का मॉडल बनाया है।

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नवाबगंज थाना क्षेत्र के टिकरी गांव निवासी निखिल को इस मॉडल के लिए मंडल स्तर पर तीसरा पुरस्कार मिल चुका है। अब वह 11 मई को लखनऊ में राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में हिस्सा लेंगे। निखिल बताते हैं, इसको कनेक्ट करने के लिए ट्रांसमीटर और रिसीवर का इस्तेमाल किया गया है। इमरजेंसी वाहन में ट्रांसमीटर और सिग्नलों में रिसीवर लगाया जाएगा, जिससे ये आपस में कनेक्ट हो सकेंगे।

एक किमी के दायरे में आने पर उस मार्ग पर पड़ने वाले सिग्नल को इमरजेंसी का ट्रांसमीटर अलर्ट कर देता है। ट्रैफिक सिग्नल रिसीवर वायरलेस होगा। इसमें नेटवर्क की जरूरत नहीं पड़ेगी। यह आइडिया रोज हो रहे हादसे को देखकर आया था। इसको बनाने में करीब छह महीने लगे। इन्हें जिला स्तर पर 14 दिसंबर 2024 को एंग्लो बंगाली में विज्ञान प्रदर्शनी में तीसरा स्थान और दो हजार रुपये की राशि मिली थी।
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इसके बाद मंडल स्तर पर राजकीय बालिका इंटर कॉलेज में भी तीसरा स्थान मिला। निखिल का कहना है, अब 11 मई को लखनऊ में होने वाली राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में इसे पेश करूंगा। पिताजी हुकुम बाबू सरोज फोटोग्राफर हैं। उनके सहयोग से ही हर काम कर पाता हूं। संवाद

मॉडल को बनाने में लगे दो हजार रुपये

निखिल बताते हैं, मॉडल को बनाने में दो हजार रुपये लगे। राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में जाने से पहले मॉडल में कुछ चीजों को जोड़ूंगा। इसमें कैमरे लगेंगे। यूट्यूब से कोडिंग के साथ ही जीपीएस सिस्टम, मैप और कोडिंग को फीड करना सीख रहा हूं। मॉडल को बनाने में बतौर सहयोगी कृष्णा यादव ने मदद की है।

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