उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) इस हफ्ते उत्तर प्रदेश न्यायिक सेवा सिविल जज (जूनियर) डिवीजन प्रारंभिक परीक्षा-2018 का परिणाम जारी कर सकता है। इस परीक्षा के तहत पीसीएस जे के 610 पदों पर भर्ती होनी है। आयोग को पीसीएस जे परीक्षा के सवालों पर आपत्तियां प्राप्त हो चुकी हैं और इनका निस्तारण भी अंतिम दौर में है।
आयोग ने पीसीएस जे मुख्य परीक्षा की लिए 30 एवं 31 जनवरी और एक फरवरी की तिथि निर्धारित की है। मुख्य परीक्षा में एक माह से भी कम वक्त बचा है। अभ्यर्थियों का कहना है कि प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम आने के बाद उन्हें तैयारी के लिए पर्याप्त समय नहीं मिलेगा। इसलिए मुख्य परीक्षा की तिथि बढ़ाई जाए। अभ्यर्थियों का कहना है कि तैयारी के लिए कम से कम 40 दिन का वक्त मिलना चाहिए। वहीं, आयोग परीक्षा की तिथि बढ़ाने को फिलहाल तैयार नहीं है लेकिन मुख्य परीक्षा समय से करानी है तो प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम इस हफ्ते घोषित करना होगा।
प्रारंभिक परीक्षा 16 दिसंबर को प्रदेश के 141 केंद्रों में आयोजित की गई थी। परीक्षा के लिए 64 हजार 691 अभ्यर्थियों ने आवेदन किए थे और 38 हजार 174 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए थे। परीक्षा पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार करानी है और इसके लिए आयोग ने सुप्रीम कोर्ट में शपथपत्र भी दिया है। ऐसे में आयोग पर इसी हफ्ते प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम जारी करने को दबाव है। सचिव जगदीश का कहना है कि आयोग अपने स्तर से पूरा प्रयास कर रहा है कि इसी सप्ताह परिणाम घोषित कर दिया जाए।
पीसीएस-2016 का इंटरव्यू आज से
सात दिन की छुट्टी के बाद उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग एक जनवरी से खुल गया। इसके साथ ही दो जनवरी से पीसीएस 2016 का इंटरव्यू शुरू हो जाएगा। पीसीएस के साक्षात्कार 24 जनवरी तक चलेंगे। इस परीक्षा का अंतिम चयन परिणाम फरवरी में घोषित किए जाने की तैयारी है।