इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एनसीआर के आधार पर पासपोर्ट का नवीनीकरण से इन्कार किए जाने को अनुचित माना है। कोर्ट ने क्षेत्रीय पासपोर्ट अधिकारी, लखनऊ को याची के पासपोर्ट के नवीनीकरण की अर्जी पर तीन माह में विधिसंगत आदेश परित करने का आदेश दिया है। यह आदेश न्यायामूर्ति सलिल कुमार राय और न्यायमूर्ति सुरेन्द्र सिंह प्रथम की खंडपीठ ने चंद्रदीप कुमार की ओर से दाखिल याचिका को निस्तारित करते हुए दिया।
याची के अधिवक्ता जीशान अहमद सिद्दकी ने बताया कि याची के विरुद्ध मारपीट की धाराओं में एनसीआर दर्ज हुई थी। इसके आधार पर क्षेत्रीय पासपोर्ट अधिकारी ने याची के पासपोर्ट का नवीनीकरण करने से इन्कार कर दिया था। वहीं, हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट ने अपने विभिन्न निणर्यों में केवल आपराधिक मामलों के कारण पासपोर्ट जारी करने से इन्कार किए जाने को गलत ठहराया है।
कोर्ट ने याचिका निस्तारित करते हुए हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट द्वारा प्रतिपादित विधि व्यवस्थाओं के आलोक में क्षेत्रीय पासपोर्ट अधिकारी, लखनऊ को याची के पासपोर्ट के नवीनीकरण की अर्जी पर तीन माह में विचार कर आदेश परित करने का आदेश पारित कर दिया।