इलाहाबाद। उत्तर प्रदेश हिंदी संस्थान की ओर से अनुदानित चित्रकार रजनी शर्मा की पुस्तक ‘रामचंद्र शुक्ल: कला एक खोज’ का विमोचन शुक्रवार को महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिन्दी विश्वविद्यालय के क्षेत्रीय केंद्र में किया गया। बतौर मुख्य अतिथि इलाहाबाद संग्रहालय के निदेशक राजेश पुरोहित ने कहा कि कला के क्षेत्र में प्रोफेसर रामचंद्र शुक्ल का इतना अधिक काम है कि इसे एक किताब में समेटना काफी मुश्किल है। फिर भी रजनी शर्मा ने इसे बखूबी सहेजने की कोशिश की है। विशिष्ट अतिथि कवि और आलोचक प्रो.राजेंद्र कुमार ने कहा कि रामचंद्र शुक्ल का कला साम्राज्य अद्भुत है।
वरिष्ठ साहित्यकार डॉ. सुरेंद्र वर्मा ने आधुनिक कला के बारे में विस्तार से जानकारी दी। प्रयाग महिला विद्यापीठ में एसोसिएट प्रोफेसर डॉ.जूही शुक्ला ने रामचंद्र शुक्ल के कला संसार की खूबियां बताईं। कला समीक्षक रुचि मित्तल ने कहा कि राम चंद्र शुक्ल का कार्य युवा पीढ़ी के लिए मार्गदर्शन है। वहीं जाने-माने कलाविद् प्रोफेसर रामचंद्र शुक्ल ने कहा कि कला के क्षेत्र में कई और कलाविद् हैं जिन पर समग्रता से काम किया जाना चाहिए। लेखिका रजनी शर्मा ने रचना प्रक्रिया के अनुभवों को साझा किया। कार्यक्रम का संचालन वरिष्ठ पत्रकार चित्रकार अजामिल ने किया।