एयरपोर्ट के पास नई टाउनशिप के लिए जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू होने से पहले कृषि भूमि का लेकर नया विवाद सामने आया है। किसानों का आरोप है कि जहां नई टाउनशिप बनाई जानी है, वहां प्रभावित गांवों के सर्किल रेट इस बार काफी कम कर दिए गए हैं।
किसान अब सवाल उठा रहे हैं कि सर्किल रेट कम क्यों किए गए। उनकी मांग है कि दरें पूर्व की भांति 5300 रुपये प्रति वर्ग मीटर की जाएं। 2022 के सर्किल रेट में कटहुला गौसपुर, शेखपुर, कादिरपुर, करेहंदा समेत आसपास के अन्य गांवों में कृषि भूमि की दरें पुनरीक्षित की गईं थीं। सर्किल रेट बढ़ाकर 5300 रुपये प्रति वर्ग मीटर तक निर्धारित किया गया था।
निबंधन विभाग ने 15 दिसंबर 2025 को नया सर्किल रेट लागू किया तो कृषि भूमि की दरें 5300 से घटाकर दो हजार रुपये प्रति वर्ग मीटर कर दी गईं। हालांकि, दरें कम होने से जमीन की खरीद फरोख्त में तेजी आई। निबंधन विभाग के आंकड़े बताते हैं कि पिछले वर्ष इन क्षेत्रों में जमीन की रजिस्ट्री से जहां 75 लाख रुपये की आय हुई थी, वहीं नया सर्किल रेट लागू होने के बाद इस वर्ष दो करोड़ रुपये की आय हुई।
हाल ही में कटहुला गौसपुर और आसपास के गांवों में नई टाउनशिप ‘एयरोसिटी’ बनाने के लिए शासन ने प्रयागराज विकास प्राधिकरण के प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान की है। ऐसे में किसान भी अब आंदोलन के जरिये प्रशासन पर दबाव बना रहे हैं कि कृषि भूमि की दरें 2000 से बढ़ाकर 5300 रुपये प्रति वर्ग मीटर की जाएं ताकि भूमि अधिग्रहण के दौरान उन्हें नुकसान न हो।