एक छात्र ने फिल्मी गाने की तर्ज पर लिखा है, ‘मैं तो रस्ते में जा रहा था, भेलपुरी खा रहा था, कुछ भी याद नहीं आ रहा था, कृपया पास कर दें।’ वहीं, परीक्षार्थी ने एक ही चौपाई बार-बार लिखकर पूरी कॉपी भर दी। इस तरह की सैकड़ों कॉपियां जब कुलपति के सामने प्रस्तुत की गईं तो उन्होंने देखा ऐसी कॉपियों में भी परीक्षकों ने थोड़े-बहुत अंक दे दिए हैं।
कुलपति प्रो. अखिलेश कुमार सिंह ने बताया कि रिव्यू कमेटी अपना काम कर रही है। पांच लाख परीक्षार्थियों की 22 लाख उत्तर पुस्तिकाएं हैं इसलिए रिव्यू में थोड़ा वक्त लगेगा। जिन परीक्षार्थियों ने कॉपियों में अपशब्द लिखे हैं, उन्हें, उनके अभिभावकों और संबंधित कॉलेज के प्रबंधन से जुड़े लोगों को बुलाकर बातचीत की जाएगी। परीक्षार्थियों का भविष्य खराब न हो, इसके लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।