जबलपुर से खरीदी गई थी हमले में प्रयुक्त स्कूटी
बम रखने में प्रयुक्त स्कूटी रफीक, सुभाष व जयशंकर के जरिये मध्य प्रदेश के जबलपुर निवासी पैंडवार से 3000 रुपये में खरीदी गई थी। राजेश पायलट के नाम से मशहूर सुपारी किलर का असली नाम आनंद शाडिल्य था। साजिशन उसे महाराज, राजू व शुक्ला जी भी कहते थे।
यही नहीं, शुक्ला जी के नाम से उसे नंदी के घर के पास ही किराये का कमरा दिलाया गया था। मिर्जापुर के सुभाष जायसवाल के साथ वह मध्य प्रदेश के एक मंदिर में महाराज के नाम से ठहरा था।
हमले से पहले अन्य मामलों में फरार चल रहे भदोही के विधायक विजय मिश्रा व दिलीप मिश्रा महाराष्ट्र में रुके थे। विजय मिश्रा के कर्नल दामाद की नौकरानी के सिम से वह दोनों राजेश पायलट से बात करते थे। अभियोजन ने कोर्ट में आरोपियों का आपराधिक चिट्ठा भी पेश किया।