फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मंत्रमुग्ध करती रही नादत्रयी

Wed, 21 Jan 2015 11:30 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, इलाहाबाद
विज्ञापन
विज्ञापन
उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र के माघ मेला स्थित सांस्कृतिक पंडाल में ‘चलो मन गंगा यमुना तीर’ के आठवें दिन बुधवार को नादत्रयी की प्रस्तुति ने श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। राग वाचस्पति रूपक तीन ताल मिश्र खमाज में सितार, वायलिन और तबले की त्रिवेणी ‘नादत्रयी’ की बंदिश श्रोताओं को सम्मोहित करती रही। इसके तहत  सितार पर इलाहाबाद विश्वविद्यालय के संगीत विभाग के  प्रो.पंडित साहित्य नाहर तथा डॉ. शोभित नाहर, वायलिन पर डॉ. पंडित संतोष नाहर और तबले पर डॉ. राजकुमार नाहर ने संगत किया।
विज्ञापन


भजन, सुगम संगीत, लोकगीत, बिरहा गीतों से गुंजित रहा। संगीता राय ने सुगम संगीत के तहत गंगा गीत प्रस्तुत कर लुभाया। आजमगढ़ के अजय मिश्रा के भोजपुरी गीत, इलाहाबाद की मिताली शर्मा का सुगम संगीत, प्रीति के भजन, हरीनाथ मौर्या का लोेेेेकगीत, दीपशिखा श्रीवास्तव के लोकगीत, वैष्णवी सिंह का भजन और मप्र की विनीता दोहर नौरता नृत्य को आकर्षण का केंद्र रहे। बुंदेलखंड की सुधा पांडेय एवं दल ने रूफ नृत्य और नागालैंड के कलाकारों ने युद्धकला पर आधारित नृत्यों को काफी पसंद किया गया। सांस्कृतिक केंद्र निदेशक गौरव कृष्ण बंसल ने अतिथियों का स्वागत और नंदिल हितैषी ने कार्यक्रम का संचालन किया।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें