मौके पर 36 उपद्रवी पकड़े गए थे, जबकि मुख्य अभियुक्त शाह आलम घटनास्थल से भाग गया, लेकिन उसे पुलिस बल एवं उपनिरीक्षक के द्वारा पहचाना गया। मो. शाह आलम के विरुद्ध 11 जून 2022 को थाने में रिपोर्ट दर्ज की गई।
चौकी प्रभारी दीन दयाल सिंह के मुताबिक अभियुक्त ने सांप्रदायिक दंगे फैलाने के लिए नाबालिग लड़कों की भीड़ एकत्रित करके पथराव कराया और विस्फोटक सामग्री भी फेंककर आगजनी कराई। पुलिस द्वारा चेतावनी देने के बाद भी उपद्रवी ने जानलेवा हमले की नीयत से पत्थर, बम एवं विस्फोटक पदार्थ फेंके, जिससे राहगीर भी घायल हुए। धार्मिक विद्वेष फैलाने की नीयत से सरकारी कार्यों में बाधा उत्पन्न करके सरकारी लोक संपत्ति क्षतिग्रस्त की गई, जिससे सांप्रदायिक सद्भाव का खतरा पैदा हो गया।