फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

प्रयागराजः दरोगा को पीटने वाले युवक की थाने में रातभर पिटाई, हालत बिगड़ी, अस्पताल मे भर्ती

Mon, 06 May 2019 12:42 AM IST
विनोद सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
विज्ञापन
traffic - फोटो : prayagraj
विज्ञापन
सिविल लाइंस में एक दिन पहले ट्रैफिक दरोगा से मारपीट के आरोप में गिरफ्तार किए गए एक युवक की रविवार भोर में हालत बिगड़ गई। जिस पर उसे पहले बेली और फिर एसआरएन अस्पताल ले जाया गया। उधर परिवार वालों का आरोप है कि रात में बेतहाशा पिटाई से उसकी हालत बिगड़ी। उधर तबियत बिगड़ने के बाद आननफानन में पुलिस ने उसे मुचलके पर छोड़ दिया।
विज्ञापन


सिविल लाइंस में हनुमान मंदिर पुलिस चौकी पर चेकिंग के दौरान गाड़ी का चालान करने पर शनिवार को जमकर हंगामा हुआ था। यहां कुछ लोगों ने ट्रैफिक दरोगा उमाशंकर त्रिपाठी को दौड़ा-दौड़ाकर पीटा और उसकी वर्दी फाड़ दी। दरोगा की तहरीर पर पुलिस ने गाड़ी पर सवार तौसीफ व जगदीश पर नामजद रिपोर्ट दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया था। रविवार भोर में तीन बजे के करीब अचानक आरोपी तौसीफ की तबियत बिगड़ गई। जिसके बाद पुलिस उसे बेली अस्पताल ले गई। सूचना मिली तो भागते हुए परिवारवाले भी पहुंच गए। गंभीर हालत को देखते हुए बेली अस्पताल के डॉक्टरों ने उसे रेफर कर दिया जिसके बाद उसे एसआरएन अस्पताल ले जाया गया। वहां करीब एक घंटे तक उसका उपचार चला। इसके बाद दोबारा उसे थाने ले जाया गया। हालांकि उसकी तबियत में सुधार नहीं हुआ। जिसके बाद करीब एक बजे उसे मुचलके पर छोड़ दिया गया।

उधर घरवालों का आरोप है कि रात में तौसीफ को बेरहमी से पीटा गया। बेतहाशा पिटाई से ही उसकी हालत बिगड़ी जिसके बाद पुलिसवाले घबरा गए। आननफानन में उसे बेली अस्पताल ले जाया गया। वहां दर्द से तड़प रहे तौसीफ को डॉक्टरों ने इंजेक्शन लगाया और हालत में सुधार न होेते देख रेफर कर दिया। जिसके बाद पुलिस उसे एसआरएन अस्पताल ले गई। एक घंटे बाद उसे फिर थाने ले जाया गया जबकि उसकी तबियत ठीक नहीं हुई थी। उसकी हालत बिगड़ती जा रही थी और यही वजह थी कि खुद की गर्दन फंसते देख आननफानन में उसे एक बजे के करीब मुचलके पर छोड़ दिया गया। 
विज्ञापन

traffic - फोटो : prayagraj
शरीर पर दिखे बेतहाशा पिटाई के निशान
उधर मुचलके पर छूटने के बाद आरोपी तौसीफ को लेकर घरवाले एक बार फिर बेली अस्पताल पहुंचे। वहां जांच के दौरान उसके शरीर पर बेतहाशा पिटाई के निशान भी मिले। परिवारवालों का कहना है कि थाने में उसे इस कदर बेरहमी से पीटा गया कि उसके शरीर का कुछ हिस्सा काला पड़ गया। चोटों की वजह से वह ठीक तरह से बैठ भी नहीं पा रहा है।
विज्ञापन

traffic - फोटो : prayagraj
इंस्पेक्टर का हैरान करने वाला बयान, बोले-जानकारी नहीं
इस मामले में सिविल लाइंस इंस्पेक्टर राकेश चौरसिया का बयान हैरान करने वाला रहा। मामले में उन्होंने कहा कि आरोपी तौसीफ हृदय रोग से पीड़ित है और स्वास्थ्य कारणों से उसे मुचलके पर छोड़ दिया गया। जब उनसे भोर में तबियत बिगड़ने पर उसे अस्पताल ले जाने की बात पूछी गई तो उन्होंने ऐसी कोई भी जानकारी होने से ही इंकार कर दिया। जबकि पुख्ता सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, तौसीफ को रात तीन बजे के करीब अस्पताल ले जाया गया और इसका जिक्र अस्पताल प्रशासन के रिकॉर्ड में भी है।

दूसरा आरोपी भेजा गया जेल
उधर इस मामले के दूसरे आरोपी जगदीश को देर शाम जेल भेज दिया गया है। पुलिस ने शाम चार बजे के बाद उसे मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेेज दिया गया।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें