हंडिया के धनुपुर से अपहृत व्यापारी को सकुशल छुड़ा लिया गया। मामले में महिला समेत कुल चार अपहरणकर्ताओं को गिरफ्तार किया गया है। जबकि उनके तीन साथी मौके से फरार होने में कामयाब रहे। पुलिस ने 4.95 लाख रुपये, कार, तमंचा, कारतूस आदि बरामद किया है। 25 फरवरी को धनुपुर से व्यापारी बसंतलाल जायसवाल का कार सवार बदमाशों ने अपहरण कर लिया था। इसके बाद एक करोड़ की फिरौती मांगकर 27 फरवरी की रात रकम लेकर वाराणसी के लोहता बुलाया।
एसएसपी अतुल शर्मा ने बताया कि, यहां व्यापारी के भतीजे शिवम से पांच लाख रुपये लेकर बदमाश रामेश्वर चौकी की ओर भागे। सूचना पर पुलिस ने पीछा किया तो वरुणा नदी मोड़ के पास गाड़ी दिखने पर पुलिस रुकी जहां तीन बदमाश व्यापारी को लेकर झाड़ी की ओर जाते दिखे। घेराबंदी पर बदमाश व्यापारी को छोड़कर भाग निकले। उधर कार सवार उनके साथी भी भाग निकले। जिनके पीछे पुलिस लगी रही और आखिरकार शुक्रवार रात उन्हें हंडिया के भीटी के पास प्रयागराज- वाराणसी हाइवे पर गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस का दावा है कि बचने के लिए आरोपियों ने फायरिंग भी की। इनके कब्जे से 4.95 लाख रुपये, तीन तमंचे, कारतूस, चार मोबाइल व स्विफ्ट डिजायर कार बरामद हुई। पकड़े गए बदमाशों में बृजेश मिश्रा निवाी चोलापुर, रोशन सिंह निवासी लंका व आकाश मौर्या निवासी बड़गांव जिला वाराणसी शामिल थे। उनके बताने पर सोनभद्र राबर्ट्सगंज निवासी शशि पांडेय पत्नी राकेश पांडेय को भी गिरफ्तार किया गया। फरार साथियों के नाम लल्ला पांडेय, राजा दुबे उर्फ नीलेश व विनीत उपाध्याय बताया जा रहा है।
लल्ला ने रची थी साजिश
पुलिस के मुताबिक, पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि फिरौती के पांच लाख रुपयों में से पांच हजार रुपये गाड़ी के तेल व खाने आदि में खर्च कर दिए थे। बताया कि फरार लल्ला की व्यापारी से लंबे समय से जान-पहचान थी और उसने ही यह साजिश रची। प्लानिंग उसके बेटे को अगवा करने की थी, लेकिन वह नहीं मिला तो व्यापारी को ही कार में खींच लिया गया। गिरफ्तार महिला के बारे में बताया कि अपहरण के बाद व्यापारी को उसी महिला के घर में रखा गया था।