सिविल लाइंस स्थित बार में हुए बवाल की घटना के दूसरे दिन पुलिस मौके पर जांच करने पहुंची। बार में पहुंचकर पुलिस ने न सिर्फ मैनेजर व कर्मचारियों से पूछताछ की। बल्कि भीतर और बाहर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाले। करीब घंटे भर तक जांच पड़ताल करने के बाद पुलिस वापस चली गई। इंस्पेक्टर का कहना है कि फुटेज के जरिए मारपीट करने वालों को चिह्नित किया जाएगा।
घटना शुक्रवार देर रात की है। बार में चल रही पार्टी में शामिल युवकों के दो गुट नशे में धुत होकर आपस में भिड़ गए थे। जिसके बाद उनके बीच जमकर मारपीट हुई। दोनों पक्षों ने एक-दूसरे को सड़क पर दौड़ा-दौड़ाकर पीटा। इस दौरान ईंट-पत्थर भी चले और महिलाओं को भी पीटा गया। पुलिस के पहुंचने पर उपद्रवी भाग निकले थे। रात के वक्त बार को बंद कराकर पुलिस वापस लौट गई। लेकिन शनिवार दोपहर सिविल लाइंस पुलिस की एक टीम दोबारा जांच करने पहुंची।
नगर निगम चौकी प्रभारी दीपक कुमार मयटीम बार में पहुंचे और मैनेजर सुमंत व अन्य कर्मचारियों से पूछताछ की। उनसे घटना के बाबत जानकारी ली और घटना के दौरान पार्टी में शामिल मेहमानों के बारे में भी जानकारी जुटाई। इसके बाद उन्होंने बार के भीतर व बाहर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली।
उन्होंने बताया कि भीतर लगे कैमरे की फुटेज में अफरातफरी का माहौल नजर आया है। बाहर मारपीट होने की बात सामने आई है। मामले की रिपोर्ट प्रभारी को दी जाएगी। उधर इंस्पेक्टर वीरेंद्र सिंह यादव ने बताया कि फिलहाल किसी पक्ष की ओर से कोई तहरीर नहीं मिली है। सीसीटीवी फुटेज के माध्यम से मारपीट करने वालों को चिह्नित करने का प्रयास किया जा रहा है।
पार्टी की नहीं थी अनुमति
मनोरंजन कर विभाग के अफसरों का कहना है कि रेस्टोरेंट या अन्य जगहों पर आयोजन के लिए अनुमति ली जानी चाहिए। पार्टी के आयोजन की अनुमति सामान्य दिनों में रात 11 बजे तक ही दी जाती है। फिलहाल उपरोक्त स्थान पर पार्टी के आयोजन के लिए कोई अनुमति नहीं ली गई थी।