राजरूपपुर वार्ड में तीन ऐसे मुख्य मार्ग हैं, जिनसे होकर गुजरना लोगों के लिए टेढी खीर है। इन मार्गों पर बिखरी गिट्टी व छोटे-बड़े जानलेवा गड्ढे राहगीरों को खतरे में डाल रहे हैं। सड़कों पर उड़ती धूल लोगाें में सांस की बीमारी फैला रही है।
इनमें सबसे बड़ी दिक्कत वीर अब्दुल हमीद चौराहे से एयरपोर्ट तक 120 फीट रोड है। इस सड़क को ट्रिपलआईटी मार्ग भी कहते हैं। वीर अब्दुल हमीद तिराहे से नंदी तिराहे तक करीब एक किलोमीटर यह सड़क बुरी तरह से क्षतिग्रस्त है। इसकी वजह से सैनिक कॉलोनी, मौसम विहार, प्रधानमंत्री आवास कॉलोनी, जागृति विहार व मंगल विहार कॉलोनी के लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ता है।
इन कॉलोनियों में रहने वाले हजारों परिवार गंदगी, मार्ग दुर्घटना, असुरक्षा व सांस की बीमारी के बीच जीवन गुजार रहे हैं। इस सड़क पर आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं। कोई अन्य रास्ता भी नहीं है। अन्य दो मार्ग नंद गांव से मौसम विहार कॉलोनी और जागृति चौराहे से मुजफ्फर बालू तक की सड़क का भी यही हाल है। इन सड़कों की स्थिति को देखते हुए, इन कॉलोनी के आसपास कोई भी दुकान खोलने को तैयार नहीं है। अगर नमक का एक पैकेट भी लेना होता है, तो लोगों को 20 रुपये का पेट्रोल खर्च कर दूसरे इलाके में जाना पड़ता हैं।
क्षतिग्रस्त सड़कों के साथ बदहाल गलियां
यहां की सड़कें ही क्षतिग्रस्त नहीं हैं, बल्कि गलियां भी अपनी बदहाली पर आंसू बहा रही हैं। इनमें गोकुल सेक्टर व नंद गांव की गली का हाल सबसे बुरा है। नंद गांव गली में ही 22 बीघे का पार्क है, जिसे विकसित करने की योजना नगर निगम की तरफ से बनाई गई है। मगर पार्क को विकसित करने से पहले गलियाें की मरम्मत जरूरी है। ऐसा न हुआ, तो लोगों का पार्क तक पहुंचना मुश्किल हो जाएगा।
लोगों ने बताई पीड़ा
बड़ी मुश्किल से पाई-पाई जमा करके कॉलोनी में फ्लैट लिया लेकिन सड़क की हालत को देखकर यहां रहने में डर लगता है। रितुवेंद्र सिंह, मौसम विहार कॉलोनी
सड़क पर आए दिन दुर्घटनाएं होती हैं। कई बार शिकायत की गई, मगर कोई सुनवाई नहीं हुई। - नितिन खरे, मंगल विहार कॉलोनी
अगर ये सड़क बन जाए तो हमारी बड़ी समस्या हल हो जाए। मगर यह कब बनेगी कुछ अता-पता नहीं है। - सूबेदार ओम प्रकाश पाल, आर्मी कॉलोनी।
यह तीनों मार्ग महत्वपूर्ण हैं। क्षतिग्रस्त सड़क की वजह से लोग बहुत परेशान हैं। गलियों का हाल भी बुरा है। उम्मीद है कि जल्द ही समस्या का हल हो जाएगा। - मिथलेश सिंह, पार्षद, राजरूपपुर।