फाफामऊ के शांतिपुरम में चार अप्रैल को सुषमा नाम की महिला की हत्या उसके पति ने ही की थी। उसे सुषमा के चाल चलन पर शक था। हत्या के बाद उसने अपने विरोधी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा दी थी। पुलिस की विवेचना में साफ हो गया कि हत्यारा और कोई नहीं बल्कि पति है। पूछताछ के बाद उसने जुर्म कुबूल कर लिया। वह तमंचा भी बरामद कर लिया गया है, जिससे हत्या की गई थी।
शांतिपुरम निवासी ठेकेदार अजय सिंह चंदेल की पत्नी सुषमा की चार अप्रैल को घर के सामने गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। अजय ने इस मामले में अपने विरोधी नीरज जायसवाल निवासी जोंधवल शिवकुटी तथा एक अन्य अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू की। आरोपियों के साथ-साथ अजय और सुषमा के भी कॉल डीटेल्स निकलवाए गए तो मामला ही पलट गया। अजय सिंह चंदेल शक के घेरे में आ गया।
इसके बाद पुलिस ने उसकी गतिविधियों पर नजर रखनी शुरू कर दी। परिवारवालों और आसपास के लोगों से भी पूछताछ हुई। अजय सिंह पर शक गहराता और फिर कुछ सुबूत भी मिल गए, जिसके खिलाफ उसने रिपोर्ट दर्ज कराई उसकी लोकेशन वहां नहीं मिली। अजय को पकड़कर पूछताछ की गई तो उसने जुर्म कुबूल कर लिया। उसका कहना था कि सुषमा के चरित्र पर उसे शक था। इसके अलावा वह बच्चों के साथ अच्छा व्यवहार नहीं करती थी। इसी कारण अक्सर घर में झगड़ा होता था। वह पूरी तरह से ऊब गया था। इसी कारण उसने हत्या कर दी। इंस्पेक्टर सोरांव एके चतुर्वेदी ने बताया कि अजय की निशानदेही पर तमंचा बरामद हो गया है। अजय के पिता जयराम सिंह चंदेल पुलिस महकमे में दरोगा के पद से रिटायर हुए हैं।