फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

प्रयागराजः वकीलों में उबाल, पीडीए ध्वस्त कराएगा होटल क्राउन पैलेस

Fri, 17 May 2019 01:27 AM IST
विनोद सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
विज्ञापन
crown - फोटो : प्रयागराज
विज्ञापन
अधिवक्ता राजेश श्रीवास्तव हत्याकांड के बाद सील किए गए रामबाग स्थित होटल क्राउन पैलेस को प्रयागराज विकास प्राधिकरण (पीडीए) ध्वस्त कराएगा। नाले और सील होटल में निर्माण कराए जाने से वकीलों में नाराजगी बढ़ी है। जिला अधिवक्ता संघ ने इसके खिलाफ आंदोलन की चेतावनी दी है। वहीं पीडीए ने होटल संचालक के खिलाफ सील तोड़कर निर्माण कराने के आरोप में एफआईआर दर्ज कराई है। 
विज्ञापन


अमर उजाला ने बृहस्पतिवार के  अंक में होटल क्राउन पैलेस में निर्माण का मामला उठाया तो पीडीए के अफसर जागे। ओएसडी और जोनल अधिकारी आलोक कुमार पांडेय टीम के साथ मौके पर निरीक्षण करने पहुंचे। वहां उन्होंने सील तोड़कर निर्माण कराए जाने पर आपत्ति जताई। निर्माण कार्य बंद कराया गया। इससे पहले वहां बांस-बल्ली आदि हटा ली गई थी। संचालकों की ओर से बताया गया कि ध्वस्तीकरण के बाद टूटे-फूटे अग्र भाग की मरम्मत कराई जा रही थी। वहीं, होटल के पीछे की दुकानों पर होटल संचालक का कब्जा पाया गया। 

ओएसडी आलोक पांडेय ने बताया कि आवासीय मानचित्र स्वीकृत कराकर होटल संचालित किए जाने की गतिविधियों को रोकने के लिए निर्माण सील किया गया था। अतिक्रमण की जद में आने वाले होटल का हिस्सा तोड़ा जा चुका है। जांच में सील तोड़कर निर्माण कराया जाना पाया गया है। अब पूर्व में जारी ध्वस्तीकरण आदेश को अमल में लाया जाएगा। उन्होंने बताया पहले कुंभ फिर चुनाव के कारण फोर्स न मिलने के कारण कार्रवाई बार-बार स्थगित होती रही। अब मतगणना के बाद 27 मई को मानचित्र के विपरीत बनाए गए होटल को ध्वस्त कराया जाएगा। 
विज्ञापन


नाले पर लिंटर डालने से शुरू हुआ था विवाद
दस मई वर्ष 2018 को कटरा के मनमोहन पार्क के पास दिनदहाड़े अधिवक्ता राजेश श्रीवास्तव की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। हत्या के पीछे रामबाग में होटल क्राउन पैलेस के पीछे नाले पर लिंटर डालने का विवाद सामने आया था। बताते हैं करीब सात साल पहले से अधिवक्ता राजेश नाले पर लिंटर डालकर कब्जा किए जाने का विरोध कर रहे थे। पुलिस सूत्रों के मुताबिक हत्याकांड की छानबीन में पता चला था कि इसी मामले में राजेश और होटल मालिक प्रदीप जायसवाल के बीच कई बार विवाद हुआ था।

राजेश ने नगर निगम से राष्ट्रपति भवन तक इस मामले की शिकायत कर अवैध निर्माण ध्वस्त कराने की मांग की थी। घटना के दिन भी दोनों के बीच तीखी बहस हुई थी। जांच में पाया गया था कि विवादित नाले के एक तरफ पथरचट्टी रामलीला कमेटी की ओर से बनाई गईं आठ दुकानों को भी होटल मालिक ने खरीद कर होटल के पीछे से रास्ता खोल लिया था। घटना के बाद इन दुकानों में रसोई का सामान, राशन-सब्जी, जनरेटर आदि मिले थे। सभी पर होटल मालिक का ही कब्जा बताया गया था। 

नगर निगम ने लिंटर तोड़ा, छोड़ीं दुकानें
अधिवक्ता राजेश हत्याकांड के बाद शहर का माहौल गर्म हुआ और अधिवक्ता सड़क पर उतरे तो पीडीए और नगर निगम के अफसर हरकत में आए थे। नगर निगम ने नाले पर लिंटर डालकर किया गया कब्जा और दुकानों को तोड़ने के लिए न्यायालय से धारा 133 के तहत अनुमति ली थी। इससे पहले नगर निगम के नजूल विभाग ने होटल मालिक पर 50 हजार रुपये का जुर्माना भी आरोपित किया था। अधिवक्ता राजेश की हत्या के बाद लगातार दस दिन तक की गई कार्रवाई में सिर्फ नाले का लिंटर ही तोड़ा गया था। तब से आज तक सभी दुकानें यथास्थिति में हैं। अधिवक्ताओं का आरोप है कि सभी दुकानों पर होटल मालिक का कब्जा है, नगर निगम दुकानें ध्वस्त कराने का इच्छुक नहीं है। अब एक बार फिर नाले पर कब्जा करने के लिए निर्माण कराया जा रहा है। 

बिना शह के निर्माण संभव नहीं
जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष उमाशंकर तिवारी, मंत्री मनोज सिंह लोकेश ने अधिवक्ता हत्याकांड के आरोपी के होटल क्राउन पैलेस में निर्माण कार्य शुरू होने पर गहरी आपत्ति जताई है। मंत्री लोकेश ने सील बंदी के बावजूद निर्माण शुरू होने पर शंका जाहिर करते हुए कहा कि यह किसकी शह पर किया गया, इसकी जांच होनी चाहिए। अधिवक्ताओं ने आम सभा में एलान किया कि आरोपी के होटल के ध्वस्तीकरण के आदेश पर त्वरित कार्रवाई नहीं की गई तो उग्र आंदोलन किया जाएगा। अधिवक्ताओं ने सवाल उठाए हैं। 
विज्ञापन

0 मानचित्र के विपरीत बने होटल को अभी तक ध्वस्त क्यों नहीं किया गया।
0 आसपास के अन्य नए निर्माणों और होटलों में पार्किंग व्यवस्था के लिए क्या किया गया।
0 अतिक्रमण के जद में आए होटल के अग्रभाग को ध्वस्त करने के बाद कार्रवाई क्यों रोकी गई।
0 खुलेआम निर्माण कराए जाने के बाद पीडीए और नगर निगम के अफसरों ने रोका नहीं रोका।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें