फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Prayagraj Corona Update: प्रयागराज में कोरोना के 67 नए पॉजिटव मिले, एक की मौत, एक दिन में पहली बार मिले इतनी संख्या में संक्रमित

Fri, 17 Jul 2020 08:41 PM IST
विनोद सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
विज्ञापन
1 of 9
prayagraj news - फोटो : prayagraj
जिले में शुक्रवार को एक दिन में कोरोना के रिकार्ड 67 नए मरीज सामने आए। 24 घंटों में संक्रमितों की संख्या में इस अप्रत्याशित वृद्धि से स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन में हड़कंप की स्थिति है। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के मुताबिक 67 नए मामले सामने आने से कुल संक्रमितों की संख्या 819 पहुंच गई है। इस तरह से एक्टिव केसों की संख्या 280 पहुंच गई है। वहीं शुक्रवार को राजरूपपुर के एक बुजुर्ग की संक्रमण से मौत हो गई। इसके बाद मरने वालों का आंकड़ा भी 32 हो गया है। 
विज्ञापन

2 of 9
prayagraj news - फोटो : prayagraj
सीएमओ की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक शुक्रवार को पहली बार इतनी बड़ी संख्या में संक्रमित आए हैं। इसके पहले नौ जुलाई और फिर 15 जुलाई को 52-52 केस सामने आए थे। संक्रमितों की अप्रत्याशित वृद्धि पर काबू पाने के लिए अफसर मंथन कर रहे हैं, लेकिन कोई ठोस रास्ता नहीं निकल सका है। जानकारों के मुताबिक अगर जल्दी ही कुछ ठोस कदम नहीं उठाए गए तो परिणाम और भयानक हो सकते हैं।
विज्ञापन

3 of 9
prayagraj news - फोटो : prayagraj
हालांकि, स्वास्थ्य विभाग के अफसर स्थिति को नियंत्रित ही बता रहे हैं। उनके मुताबिक जिले में एक्टिव केसों की संख्या 280 है, जबकि 509 मरीज ठीक होकर घर जा चुके हैं।

शुक्रवार को भी 30 मरीजों को अस्पतालों से छुट्टी दी गई। सीएमओ ने बताया कि शुक्रवार को कोटंवा-बनी में 45, बेली में 66, रेलवे कोविड केयर सेंटर में 41 और एसआरएन में कोविड के 97 मरीज भर्ती हैं। हालांकि, इन आंकड़ों में स्वास्थ्य विभाग ने कौशाम्बी में संक्रमित पाए गए करीब एक दर्जन आईटीबीपी के जवानों का आंकड़ा नहीं जोड़ा है। साथ ही दूसरे जिलों में रहने वाले उन लोगों के नाम भी नहीं जोड़े गए, जो जिले में संक्रमित मिले हैं। 

4 of 9
prayagraj news - फोटो : prayagraj

जिला सूचना कार्यालय का कर्मचारी भी पॉजिटिव

जिला सूचना कार्यालय का एक कर्मचारी भी पॉजिटिव पाया गया है। शुक्रवार शाम को फोन पर उन्हें इसकी सूचना दी गई। हालांकि, सर्दी, जुकाम की शिकायत के बाद वह करीब एक सप्ताह से ऑफिस नहीं आ रहे थे। तबीयत खराब होने पर उनकी जांच कराई गई, जिसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। सूचना कार्यालय के बगल में एसीएम चतुर्थ का कक्ष है।

इसके नीचे एसीएम प्रथम, द्वितीय और तृतीय के कार्यालय हैं। ऐसे में सूचना कार्यालय के कर्मचारी के पॉजिटिव आने के बाद कलक्ट्रेट कर्मियों में भय है। एडीएम सिटी अशोक कुमार कनौजिया ने बताया कि  प्रोटोकाल के तहत कार्रवाई की जाएगी। उनके संपर्क में आए अन्य लोगों की भी जांच कराई जाएगी।
विज्ञापन

5 of 9
ओपीडी - फोटो : अमर उजाला

बेली अस्पताल की इमरजेंसी सेवाएं बंद, कॉल्विन में जाइए 

लॉकडाउन में पूरी तरह से बंद बेली अस्पताल में कोरेाना मरीजों के भर्ती होने के बाद से ही इमरजेंसी सेवाएं बंद कर दी गईं हैं। अब सामान्य मरीजों को उपचार के लिए कॉल्विन अस्पताल जाना पड़ेगा। कॉल्विन अस्पताल में सारी सेवाएं बहाल हैं।

बेली अस्पताल में सात जुलाई से कोविड मरीजों को भर्ती किया जाने लगा है। इसके बाद से ही वहां इमरजेंसी सेवाएं बंद कर दी गईं हैं। हालांकि, उसके पहले भी इमरजेंसी में जाने वाले सामान्य मरीजों का ही इलाज वहां हो रहा था। गंभीर मरीजों को तुरंत ही एसआरएन रेफर कर दिया जा रहा था। बेली अस्पताल की सीएमएस डॉ. सुषमा श्रीवास्तव ने बताया कि अस्पताल में इमरजेंसी सेवाएं नहीं चल रही हैं।
विज्ञापन

6 of 9
prayagraj news: death from corona - फोटो : prayagraj

कोरोना से एक और बुजुर्ग की मौत, संख्या पहुंची 32

जिले में कोरोना संक्रमण से शुक्रवार को एक और बुजुर्ग ने दम तोड़ दिया। उनका उपचार स्वरूपरानी नेहरू चिकित्सालय में चल रहा था। प्रशासन ने फाफामऊ स्थित घाट पर शव का अंतिम संस्कार कराया गया। जिले में एक और मौत होने से कोरोना से मरने वालों की संख्या 32 हो गई। 

राजरूपपुर के 68 वर्षीय बुजुर्ग की तबीयत हफ्ते भर पहले से खराब थी। खांसी, बुखार लगातार बने रहने पर 15 जुलाई को वह एसआरएन चिकित्सालय के कोरोना ओपीडी में आए थे। हालत गंभीर होने पर उन्हें भर्ती कर लिया गया। जांच कराने पर रिपोर्ट पॉजिटिव आई। उन्हें कोविड-19 वार्ड में शिफ्ट कर दिया गया। उन्हें आक्सीजन देने के बाद भी हालत नहीं सुधरी तो वेंटिलेटर पर रख दिया गया। शुक्रवार की सुबह उपचार के दौरान सुबह साढ़े 10 बजे उनकी मौत हो गई। एसआरएन में कोरोना के नोडल ऑफिसर डॉ. सुजीत कुमार ने बताया कि बुजुर्ग को शुगर की समस्या थी। 
विज्ञापन

7 of 9
आइसोलेशन कक्ष - फोटो : अमर उजाला

ट्रामा सेंटर के 20 बेड मरीजों के लिए आरक्षित

बेली अस्पताल के ट्रामा सेंटर को अब कोविड के मरीजों के लिए आरक्षित कर दिया गया है। यहां बेडों की संख्या 20 बताई जा रही है।  कोविड मरीजों के लिए 20 बेड और आरक्षित होने के बाद बेली अस्पताल में बेडों की संख्या बढ़ गई है। लेकिन, यह संख्या कितनी बढ़ी है इसको लेकर दो अलग-अलग आंकड़े हैं।

सीएमओ की ओर से जारी सूचना में बेडों की संख्या 209 बताई गई, जबकि कोरोना के नोडल अधिकारी की ओर से जारी संख्या में बेडों की संख्या 200 है। नोडल अधिकारी डॉ. ऋषि सहाय का कहना है कि बृहस्पतिवार तक बेली अस्पताल में 142 बेड खाली थे। उनका दावा है कि बृहस्पतिवार को पहुंचे मरीजों को उनकी स्वेच्छा से ट्रामा सेंटर में रखा गया। वैकल्पिक व्यवस्था के तौर पर नहीं। हालांकि, इसको लेकर कई सवाल खड़े होने लगे हैं। क्या, कोविड मरीजों को उनकी इच्छानुसार कोविड अस्पताल में कहीं भी रखा जा सकता है। हालांकि, इस मामले में नोडल अधिकारी की ओर से स्थित स्पष्ट नहीं की गई है। 

8 of 9
कोरोना ड्यूटी - फोटो : अमर उजाला

ठीक होने पर 30 को मिली अस्पताल से छुट्टी 

एक तरफ जहां कोरोना के मरीजों की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है, वहीं दूसरी तरफ लोग ठीक होकर घर भी जा रहे हैं। शुक्रवार को शहर के तीनों अस्पतालों और रेलवे के कोविड केयर सेंटर से 30 लोगों को छुट्टी दी गई। इसमें बालिका गृह की दो बालिकाएं, आरपीएफ के दो जवान, डफरिन अस्पताल की स्वास्थ्य कर्मी भी शामिल है।

डॉ. उत्सव सिंह के मुताबिक कोटवा-बनी से जिन लोगों को छुट्टी दी गई, उसमें बालिका गृह से एक, लाला बाजार हंडिया से दो, राजापुर से एक, संगम बिहार कॉलोनी से एक, मेजा से एक, सुलेम सराय से एक, टैगोर टाउन से एक, रेलवे कोविड केयर सेंटर से आरपीएफ के दो जवान, बेली अस्पताल से अशोक नगर से एक, झूंसी से एक, शंकरगढ़ से एक, धूमनगंज से एक, डफरिन से दो, संगम पुलिस चौकी से तीन शामिल हैं। जबकि एसआरएन से कुल नौ लोगों की छुट्टी दी गई।
विज्ञापन

9 of 9
prayagraj news - फोटो : prayagraj

लाल बंगले में सिविल लाइंस के व्यापारियों ने करवाई कोरोना जांच

शहर में बढ़ते कोरोना संक्रमण के बीच सिविल लाइंस व्यापार मंडल से जुड़े व्यापारियों एवं उनके कर्मचारियों ने शुक्रवार को अपनी कोरोना जांच करवाई। स्ट्रेची रोड स्थित लाल बंगले में लगे कैँप में जिला प्रशासन के सहयोग से तकरीबन 50 लोगों ने कोरोना जांच करवाई। व्यापारियों एवं उनके यहां काम करने वाले कर्मचारियों से  इस दौरान सिविल लाइंस व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने कहा कि अब बेहद सतर्क रहने की आवश्यकता है। क्योंकि प्रयागराज में लगातार कोरोना के मरीज बढ़ रहे हैं।

शिविर में सिविल लाइंस व्यापार मंडल के अध्यक्ष सुशील खरबंदा, महामंत्री शिवशंकर सिंह, प्रयाग व्यापार मंडल के अध्यक्ष विजय अरोरा आदि ने की मौजूदगी में कहा गया कि कोरोना का संक्रमण सार्वजनिक रूप से न फैले इसके लिए प्रत्येक नागरिक को अपना कोरोना टेस्ट करवाना चाहिए। शिविर में कामधेनू स्वीट के इंदर मध्यान, विनीत कपूर, शशांक जैन आदि व्यापारियों ने अपनी और अपने कर्मचारियों की जांच करवाई। कान्हा श्याम होटल के विदुप अग्रहरि ने भी शिविर के संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कैंप की शुरूआत में व्यापार मंडल के अध्यक्ष एवं महामंत्री ने पहले अपनी जांच करवा कर शुभांरभ किया। शिविर के समापन पर जिला प्रशासन और चिकित्सा विभाग का आभार जताया गया।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें