रूपापुर निवासी राधेश्याम शनिवार को अपने दो बेटों और नाती के साथ जौनपुर में ब्याही बेटी के घर जा रहे थे। घर से हंसी-खुशी कार से निकले राधेश्याम और उनके बेटे पर काल ने झपट्टा मार दिया। पलभर में ही परिवार में मातम पसर गया। पोस्टमार्टम के बाद जब राधेश्याम, उनकी पत्नी और बेटे भरत भूषण का शव घर पहुंचा तो कोहराम मच गया।
एक साथ तीन लोगों की लाशें देखकर घर की महिलाएं दहाड़ मारकर बिलखने लगीं। उनकी चीखपुकार सुनकर वहां मौजूद लोगों की आंखें भी भर आईं। मौके पर मौजूद रिश्तेदार और पास-पड़ोस के लोग परिजनों को संभालने का प्रयास करते रहे। शाम साढ़े छह तीनों का शव अंतिम संस्कार के लिए श्रृंगवेरपुर गंगा घाट ले जाया गया।